सुबह होने पर वह रुद्रपुर में खनन स्थल पर पहुंच गया था। यहां खनन करने वाले अपने साथियों के साथ रुका। आरोपी ने बताया कि अखबारों में उसका फोटो प्रकाशित हुआ और उत्तराखंड में भरतपुर की घटना को लेकर हल्ला मचा तो साथियों ने भी वहां रुकने से इनकार कर दिया था। इसके बाद उसने दिल्ली भागने की योजना बनाई। शुक्रवार रात वह दिल्ली जाने के लिए बाइक से निकाला था। आरोपी ने बताया कि वह दिल्ली हाईवे पर पहुंचने के बाद बाइक किसी ढाबे पर खड़ी करने के बाद रोडवेज बस से दिल्ली जाना चाहता था।
आरोपी ने बताया कि उसने दिल्ली स्थित विश्व विद्यालय से एमए किया था। कई साल दिल्ली में ही बिताए थे। वहां उसके कई लोग परिचित हैं। उनके घर रुकने के बाद दूसरे देश या प्रदेश भागने की की योजना थी। आरोपी ने अपनेऔर भुल्लर के बीच संबंधों के बारे में पुलिस को जानकारी दी है। बताया कि उसका रिश्तेदार बीडीसी सदस्य है। जिसने भुल्लर को ही समर्थन दिया था। इसके अलावा खनन के कारोबार की वजह से ही संबंध हैं।
बाइक पर पुलिस, पिस्टल पर लिखा है मेड इन यूएसए
पुलिस ने जफर से बाइक, पिस्टल और 2 खोखे, 03 जिंदा कारतूस बरामद किए हैं। आरोपी की बाइक पर नंबर नहीं हैं। नंबर की जगह प्लेट पर पुलिस लिखा हुआ है। इसके अलावा बरामद पिस्टल पर अंग्रेजी में ऑनली आर्मी सप्लाई मेड इन यूपीए नंबर 15 लिखा है। हालांकि पुलिस की ओर से दावा गया है कि पिस्टल पर केवल ऑनली आर्मी सप्लाई मेड इन यूएसए है। लेकिन पिस्टल देशी है।
पाकबड़ा में आरोपी के खिलाफ केस दर्ज, भेजा गया जेल
पाकबड़ा थाना प्रभारी मोहित चौधरी की तहरीर पर पाकबड़ा थाने में जफर के खिलाफ आईपीसी की धारा 307, 25,27,41,102 में केस दर्ज किया गया है। थाना प्रभारी ने बताया कि शनिवार शाम आरोपी जफर को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया है।
एसएसपी ने जिला अस्पताल पहुंचकर की पूछताछ
मुठभेड़ के बाद पुलिस टीम ने घायल जफर और सिपाही संदीप कुमार को जिला अस्पताल में भर्ती कराया। सूचना मिलने पर एसएसपी हेमंत कुटियाल जिला अस्पताल पहुंचकर घायल जफर से पूछताछ की। इसके अलावा सिपाही का भी हाल चाल लिया और डॉक्टरों से बातचीत की। उधर, एसपी सिटी अखिलेश भदौरिया मुठभेड़ स्थल पर पहुंचे और उन्होंने क्राइम सीन को सील कराके फोरेंसिक टीम बुलवा ली। मौके की फोटोग्रामी और वीडियोग्राफी भी कराई। फोरेंसिक टीम ने मुठभेड़ स्थल से नमूने लिए।