इस हत्याकांड को 9 नवंबर 2016 की शाम अंजाम दिया गया था। प्रधान की बेटी रुचि सिंह ने गांव के ही 13 लोगों के खिलाफ केस दर्ज कराया था। इस मुकदमे की सुनवाई अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश संख्या तीन सरोज यादव की अदालत में चल रही है। मंगलवार को अदालत ने चार आरोपियों को दोषी करार दिया था जबकि छह आरोपी साक्ष्यों के अभाव में बरी कर दिए गए हैं। एक आरोपी नाबालिग होने के कारण उसकी फाइल किशोर न्याय बोर्ड में भेज दी है।