बुध बाजार की करीब एक किमी सड़क समेत शहर की करीब 12 किमी रोड को स्मार्ट बनाने का काम स्मार्ट सिटी योजना के तहत किया जा रहा है। बुध बाजार में करीब एक साल पहले बुधबाजार से ही इसकी शुरुआत की गई थी, लेकिन निर्माण एजेंसी रिलाइंस इलेक्टि्रकल और राज्य निर्माण निगम की टीम द्वारा काम को काफी धीमी गति और अव्यवस्थित ढंग से किए जाने वाले कार्य के कारण वहां के व्यापारियों को सबसे अधिक परेशानी का सामना करना पड़ा। कार्यदायी एजेंसियों पर काम में देरी पर जुर्माना लगाने के बाद करीब दो माह पहले काम में कुछ तेजी आई, लेकिन बीच में हिंदू कॉलेज ट्रस्ट की 22 दुकानों के किरायेदारों का पेंच फंस गया। उनमें से अधिकांश के हाईकोर्ट चले जाने के बाद संबंधित दुकानों को निर्माण कार्य में बाधा बता कर उसे तोड़ने की शुरू की गई। नगर निगम व स्मार्ट सिटी की कार्रवाई को रोकना पड़ा। इस बीच राज्य निर्माण निगम ने इंपीरियल तिराहे से डिवाइडर के एक तरफ डाकखाने साइड की करीब 700 मीटर सड़क का निर्माण कर लिया। लेकिन करीब 15 दिनों से उस पर यातायात का संचालन नहीं किया जा रहा था। एकल मार्ग से यातायात के संचालन से प्रतिदिन जाम की समस्या वहां बनी रहती थी। इससे व्यापारियों व अन्य लोगों को काफी परेशानी हो रही थी। व्यापारियों की इस समस्या पर नगर निगम प्रशासन का ध्यान गया। नगर आयुक्त ने स्मार्ट सिटी के अधिकारियों को बन चुके मार्ग से बंद यातायात को खोलने के निर्देश दिए। इसके खुल जाने के बाद अब दोनों साइड के मार्ग से आवागमन शुरू हो गया है। लेकिन उड़ रही धूल से व्यापारियों को पूरी तरह राहत नहीं मिल सकी है।
- बुध बाजार में दोनों तरफ का मार्ग खोल देने के बाद लगने वाले जाम से एक हद तक निजात मिल गई है। लेकिन सड़क पर अभी भी काफी धूल है, जो दिन भर उड़ती रहती है। डिवाइडर अथवा अन्य स्थानों पर भी फसाड आदि का काम चल रहा है। धूल से बचने के लिए व्यापारी अपने प्रतिष्ठान के आगे खुद पानी का छिड़काव करने पर मजबूर हैं। -गिरीश भंडूला, संयोजक व्यापारी समन्वय समिति
- बुध बाजार में स्मार्ट रोड के चल रहे काम के कारण व्यापारियों को हो रही दिक्कत को ध्यान में रखते हुए नगर आयुक्त ने कार्यदायी एजेंसियों के साथ बैठक कर सभी बिंदुओं पर चर्चा की है। उनके व मेरे द्वारा संबंधित एजेंसियों को जल्द काम खत्म करने के लिए तीन दिन में प्लान बनाकर प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं। इसमें व्यापारियों की सुविधा का विशेष ध्यान रखने को भी कहा गया है। -अतुल कुमार, नोडल अफसर स्मार्ट सिटी