ठाकुरद्वारा। कोतवाली के सामने खोखा प्रकरण में पुलिस ने नगर पालिका कार्यालय से जानकारी प्राप्त की है। कोतवाली के सामने नगर पालिका ने करीब डेढ़ माह पूर्व अपनी भूमि बताकर कर खोखा रखने का प्रयास किया था जिसका कुछ व्यापारियों ने विरोध किया था। बाद में व्यापारी अवनीश सिंघल ने नगर पालिका अध्यक्ष मोहम्मद इरफान सैफी और उनके अज्ञात साथियों के खिलाफ 50 लाख के रंगदारी मांगने के आरोप में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। बाद में मुमताज आलम सैफी ने भी अध्यक्ष के खिलाफ नक्शा स्वीकृत करने के नाम पर सुविधा शुल्क मांगने के आरोप में रिपोर्ट दर्ज कराई । दोनों मामलों की विवेचना पुलिस कर रही है। जबकि करीब 15 दिन पहले नगर पालिका की गाटा संख्या 51 और 52 की 1982 में आवंटित भूमि पर खोखे रखकर व्यवसाय करने वाले सुरेश कुमार रुहेला और हामिद अली ने भी कोर्ट के आदेश से व्यापारी अवनीश सिंघल और उनके भाइयों के खिलाफ इस प्रकरण में रिपोर्ट दर्ज कराई है। पुलिस ने अभी नगरपालिका के अध्यक्ष के खिलाफ पहले दर्ज रिपोर्ट की विवेचना भी अभी पूरी नहीं की है। पुलिस ने पहले एसडीएम के माध्यम से गाटा संख्या 51 , 52 के बारे में जानकारी मांगी थी। बाद में तहसीलदार ने नगर पालिका के अधिशासी अधिकारी को पत्र लिखकर विवादित भूमि के बारे में जानकारी मांगी थी। मामले की विवेचना कर रहे हो उप निरीक्षक रजत कुमार ने भी नगर पालिका कार्यालय पहुंचकर विवादित गाटा संख्या 51, 52 के बारे में जानकारी प्राप्त की है। पुलिस का कहना है कि अध्यक्ष के खिलाफ दर्ज रिपोर्ट की विवेचना लगभग पूरी हो चुकी है। शीघ्र इस मामले में निर्णय लिया जाएगा। उधर नगर पालिका के अध्यक्ष मोहम्मद इरफान सैफी का कहना है कि वर्ष 1982 में कोतवाली के सामने 14 लोगों को खोखो के लिए भूमि आवंटित की गई है। इसमें गाटा संख्या 51 और 52 भी शामिल हैं । दूसरी साइड में कोतवाली के पास नगर पालिका परिषद की आठ दुकानें बनी है। जिनकी नगर पालिका ने नीलामी की थी।