मुरादाबाद। साइबर अपराधी ऑनलाइन टास्क पूरा करने पर पैसे मिलने का झांसा देकर लाखों की ठगी कर रहे हैं। साइबर ठग लोगों को पहले टास्क पूरा करने पर कुछ रुपये देते हैं। इसके बाद धीरे-धीरे उन्हें अपने जाल में फंसा लेते हैं। जब लोग मोटी रकम लगाते हैं तो आरोपी अपना मोबाइल नंबर बंद लेते हैं और दूसरे सिम का इस्तेमाल कर नए टारगेट पर लग जाते हैं। मुरादाबाद के कई लोग इनके झांसे में आकर अपनी रकम गंवा चुके हैं। साइबर सेल की टीम इस गिरोह की तलाश में जुटी है। साइबर ठगी में जिन नंबरों का इस्तेमाल किया गया है, उनकी लोकेशन छत्तीसगढ़, झारखंड, बिहार, राजस्थान में मिल रही है।
युवक गंवा चुका है दो लाख रुपये
मझोला निवासी विजय कुमार ने बताया कि उन्होंने टेलीग्राम पर आईडी बना रखी है। उनके पास एक अन्य आईडी से मैसेज आया था। जिसमें बताया गया कि घर बैठे लाखों रुपये कमा सकते हैं। इसके लिए बस एक रुपया खर्च करना होगा। विजय ने आरोपी द्वारा भेजे गए लिंक पर क्लिक किया। इसके बाद उसके मोबाइल पर एक आईडी खुल गई थी। जिसमें एक रुपया ट्रांसफर करना था। पीड़ित ने एक रुपये ट्रांसफर कर दिया। उसे एक आसान टास्क दिया गया, जिसे पूरा करने पर उसके खाते में दो रुपये आ गए। धीरे-धीरे पीड़ित टास्क पूरा करता गया और रुपये आते गए। अंत में आरोपी ने पीड़ित से दो लाख रुपये ट्रांसफर करवा लिए और फोन बंद कर लिया।
-
महिला ने पति के खाते से ट्रांसफर कर दी रकम
कटघर के गोविंद नगर निवासी सोहित कुमार वर्मा पीतल फर्म में काम करते हैं। अगस्त 2023 में सोहित बाहर गए थे। घर में उनकी पत्नी थीं। तभी उन्हें एक मैसेज आया। उसमें भी घर बैठे लाखों रुपये कमाने का झांसा दिया गया था। मैसेज के साथ एक लिंक भी दिया गया था। महिला ने उस लिंक पर क्लिक कर दिया। इसके बाद एक आईडी खुल गई। आरोपी के दिए टास्क को महिला ने पूरा किया तो उसके खाते में कुछ रुपये आ गए। इसके बाद आरोपी ने महिला से अलग-अलग खातों में दो लाख 57 हजार 500 रुपये ट्रांसफर करा लिए और फोन बंद कर लिया। इसके बाद महिला ने साइबर सेल में शिकायत की।
साइबर ठग नए-नए तरीके से लोगों के साथ साइबर ठगी कर रहे हैं। किसी अंजान नंबर से कोई लिंक आए तो उस पर क्लिक करने से बचें। किसी के बहकावे में आकर रकम ट्रांसफर न करें। - सुभाष चंद्र गंंगवार, एसपी क्राइम