फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Moradabad News: एक माह बीता, विद्यार्थियों को नहीं मिले टैबलेट

विज्ञापन
विज्ञापन
मुरादाबाद। केजीके कॉलेज के परास्नातक के विद्यार्थियों को एक माह बाद भी टैबलेट नहीं मिल सके हैं। विद्यार्थियों ने टैबलेट दिलवाने के लिए जिलाधिकारी को ज्ञापन भी दिया है। नोडल अधिकारी का कहना है कि जितने पात्र विद्यार्थी हैं, उन्हें फोन कर कॉलेज बुलाकर टैबलेट दिए गए हैं।
विज्ञापन

जिलाधिकारी को ज्ञापन देने पहुंचे 20 विद्यार्थियों का कहना है कि 24 जुलाई के आसपास कॉलेज के शिक्षकों ने परास्नातक के चुनिंदा विद्यार्थियों को बुलाकर टैबलेट दिए हैं। तब से वह कई बार कॉलेज जाकर टैबलेट के लिए जानकारी प्राप्त कर चुके हैं, लेकिन कॉलेज की ओर से कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिलता है।
छात्र अरुण कुमार ने कहा कि कई बार कॉलेज में परास्नातक अंतिम वर्ष या उत्तीर्ण कर चुके विद्यार्थियों को टैबलेट देने की बात कही गई थी। हमारा भी परास्नातक समाजशास्त्र का परिणाम 11 अगस्त को आया था, लेकिन टैबलेट नहीं मिले। कॉलेज की ओर से लापरवाही बरती गई है। करीब डेढ़ सौ ऐसे विद्यार्थी हैं, जिनको टैबलेट नहीं मिले हैं। हमारी कक्षा में 65 विद्यार्थियों में से 25 विद्यार्थियों के नाम सूची में आए।
विज्ञापन

छात्रा दीक्षा ने कहा कि कई ऐसे विद्यार्थियों को भी कॉलेज ने टैबलेट दिए हैं, जिनको स्नातक में स्मार्ट फोन भी मिला था। अब हमारा परास्नातक का परिणाम भी आया गया, लेकिन टैबलेट नहीं मिल सके हैं। छात्रा शालू ने कहा कि न तो मुझे स्नातक में स्मार्ट फोन मिला था और न ही अब तक टैबलेट मिला है, जबकि मेरा परास्नातक का परिणाम आ चुका है। कॉलेज के कहने पर तीन बार टैबलेट के लिए आवेदन किया है। इसमें 240 रुपये खर्च हो गए। छजलैट से कॉलेज तक आने-जाने में किराया भी लगता था। इसके बावजूद हम खाली हाथ हैं। कॉलेज द्वारा सभी विद्यार्थियों की सूची न भेजे जाने की वजह से ऐसा हुआ है।
-

दो हजार विद्यार्थियों का डाटा नहीं हुआ सत्यापित
कॉलेज प्रशासन का कहना है कि अभी टैबलेट और स्मार्ट फोन शैक्षिक सत्र 2021-22, 22-23, 23-24 के विद्यार्थियों को दिए जा रहे हैं। शासन स्तर पर करीब दो हजार विद्यार्थियों का टैबलेट और स्मार्ट फोन के लिए डाटा सत्यापित नहीं हो सका है। इसके अलावा स्नातक के 250 स्मार्ट फोन जिला प्रशासन को वापस किए हैं, क्योंकि कई के नाम दोबारा आ गए थे तो कई विद्यार्थी बीच में ही पढ़ाई छोड़ चुके हैं। हमें परास्नातक के विद्यार्थियों के लिए 459 टैबलेट मिले थे। इसमें से 55 टैबलेट वितरण में शेष रह गए हैं। इनमें 32 ऐसे विद्यार्थी हैं, जो बीच में ही पढ़ाई छोड़ चुके हैं। कई ऐसे विद्यार्थी हैं, जिनको स्नातक में स्मार्ट फोन मिला था। ऐसे में अब उन्हें टैबलेट नहीं मिलेगा। यह टैबलेट जिला प्रशासन को वापस किए जाएंगे। इसके साथ ही शेष विद्यार्थियों ने उनके दूसरे शहर में होने की वजह से कॉलेज आने के लिए समय मांगा है।


हमारे पास शासन से जो सूची आई थी, उसके हिसाब से हमने विद्यार्थियों को कॉलेज बुलाकर टैबलेट दिए हैं। सभी पात्र विद्यार्थियों को फोन कर टैबलेट दिए जा रहे हैं।
विज्ञापन

प्रो. गोविंद नौनियाल, नोडल अधिकारी, केजीके कॉलेज
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें