कुंदरकी थाना क्षेत्र के गांव शिमलाठेर में निर्माणाधाीन निर्यात फर्म के चौकीदार करन सिंह (38) की बदमाशों ने गोली मारकर हत्या कर दी। चौकीदार की पत्नी ब्रजेश देवी की तहरीर पर पुलिस ने अज्ञात बदमाशों के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज कर ली है। पुलिस तीन लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है। करन सिंह दिन में गांव हुसैनपुर हमीर के एक निजी स्कूल की वैन चलाते थे और रात में निर्माणाधीन निर्यात फर्म में चौकीदार का काम करते थे। उनकी पत्नी ने बताया कि वह रविवार की रात आठ बजे घर से गए थे। रात ढाई बजे गोली चलने की आवाज सुनाई दी तो गांव के लोग मौके पर पहुंच गए। जहां उनका उनका खून से लथपथ शव पड़ा था। ग्रामीणों का कहना था कि बदमाशों ने जाते समय भी फायरिंग की थी। एसपी देहात संदीप कुमार मीना और सीओ डॉ. अनूप सिंह ने घटना स्थल का निरीक्षण किया। फोरेंसिक टीम ने भी मौका का मुआयना मौके पर एक सीढ़ी भी मिली है। आशंका जताई जा रही है कि सीढ़ी के सहारे बदमाश फर्म में घुसे होंगे। चौकीदार के सीने में फंसी गोली पुलिस ने सोमवार को चौकीदार करन सिंह के शव का पोस्टमार्टम कराया। रिपोर्ट के मुताबिक बदमाशों ने चौकीदार की गर्दन पर तमंचा सटाकर गोली मारी थी। उसके सीने में गोली फंसी मिली। इसके साथ ही शरीर के कई अंगों में चोट के निशान भी मिले हैं। रगड़ने के निशान को देखकर अनुमान लगाया जा रहा है कि चौकीदार ने मौत से पहले कातिलों से संघर्ष किया था। रंक्तरंजित शव को देखकर बदहवाश हुई पत्नी चौकीदार करन सिंह का रंक्तरंजित शव देखकर परिजन बेहाल हो गए। पत्नी ब्रजेश देवी रोते बिलखते बदहवाश हो गई। उसके दो बेटे राजू और जगरीश को सगे-संबंधी ढांढस बंधाते रहे। मृतक चौकीदार अपने पांच भाई बहनों में सबसे बड़ा था। शव पर पड़ी थी चादर, दूर पड़ी थी रजाई चौकीदार करन सिंह की हत्या सोते समय अंजाम दिया जाने की आशंका है। बताते कि चौकीदार ने फर्म के निर्माणाधीन भवन के लिंटर पर चारपाई डाल रखी थी। ओस से बचने के लिए उसके ऊपर से पन्नी बांध रखी थी। हत्या होने के बाद जब परिजनों और ग्रामीण घटना स्थल पर पहुंचे तो उनको चौकीदार का शव चारपाई से नीचे पड़ा मिला। उसके शव को चादर से ढक दिया गया और रजाई भी चारपाई से कुछ दूर पड़ी थी। माना जा रहा कि चौकीदार ने हत्यारों से संघर्ष किया होगा जिसके चलते चौकीदार का शव चारपाई से नीचे पड़ा मिला है।