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Moradabad: पांच साल में पहली बैठक के प्रस्ताव भी नहीं हो सके पूरे, कार्यकाल खत्म, नहीं बने महिला वॉशरूम

Thu, 05 Jan 2023 04:39 PM IST
Digvijay Singh अमर उजाला ब्यूरो, दिल्ली

सार

नगर निगम चुनाव के बाद चार जनवरी 2018 को बोर्ड की पहली बैठक हुई थी। वार्डों से चुनकर गए नए पुराने पार्षदों ने सफाई व्यवस्था, सड़क, नाली, पानी, बिजली जैसे मुद्दों को उठाया था।
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नगर निगम मुरादाबाद की बैठक (फाइल) - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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मुरादाबाद में नगर निगम बोर्ड का बुधवार को कार्यकाल खत्म हो गया। लेकिन पहली बैठक के कुछ प्रस्ताव पांच साल में भी पूरे नहीं हो सके। न तो बाजार में हर सौ मीटर पर महिला वॉशरूम बन सके और न ही हर वार्ड में सामुदायिक भवन का प्रस्ताव पूरा हो सका। यही नहीं पांच साल में नगर निगम खुद का नया भवन तक  नहीं बनवा सका। नगर निगम चुनाव के बाद चार जनवरी 2018 को बोर्ड की पहली बैठक हुई थी। वार्डों से चुनकर गए नए पुराने पार्षदों ने सफाई व्यवस्था, सड़क, नाली, पानी, बिजली जैसे मुद्दों को उठाया था। निगम के अफसरों ने सफाई व्यवस्था को दुरुस्त करने का संकल्प लिया था। लेकिन बुनियादी मुद्दों पर मौन रहे। वहीं पहली बैठक में पार्षदों को मोबाइल और बीमा की सौगात मिली थी। वहीं जनता के हाथ आश्वासन ही मिला था। 

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इन सबके बीच छोटे-बड़े 15 से अधिक प्रस्ताव पास किए गए थे। लेकिन पांच साल के कार्यकाल में कुछ प्रस्ताव कागजी प्रस्ताव ही बन कर रहे गए। न तो सुबह नौ बजे से रात नौ बजे तक शहर के मोहल्लों से कूड़ों का उठान हुआ और न ही बड़े नालों की दीवारें ऊंची की गईं। वहीं करीब चार महीने बाद सात मई 2018 को हुई बोर्ड की दूसरी बैठक में पास किए गए कुछ प्रस्ताव भी पूरे नहीं हुए। इसमें बुद्धि विहार में कूड़ाघर और नगर निगम का नया भवन भी शामिल था।


बोर्ड की पहली और दूसरी बैठक में ये प्रस्ताव हुए थे पास
- शहर में सुबह नौ बजे से रात नौ बजे तक होगा कूड़ों का उठान
- नालों की साइड की दीवारें ऊंची होंगी
- हर वार्ड मे एक-एक सामुदायिक भवन का निर्माण होगा
- बाजार में हर सौ मीटर पर महिला वॉशरूम बनाया जाएगा
- नगर निगम के नए भवन का निर्माण


नगर निगम के टैक्स ऑनलाइन नहीं हुए

नगर निगम बोर्ड में नेता प्रतिपक्ष रहीं शिरीगुल ने कहा कि एजेंडे के तहत बाजार में प्रत्येक सौ मीटर पर महिलाओं के लिए वॉशरूम बनाए जाने थे, लेकिन निगम ने नहीं बनाया। प्रत्येक वार्ड में सामुदायिक भवन नहीं बन सका। नगर निगम के टैक्स ऑनलाइन नहीं हुए। कुछ गिने चुने पार्कों को छोड़कर अन्य पार्कों में कोई सुविधा नहीं दी गई है। ट्यूबवेल नहीं लगाए गए। निगम को नए भवन के लिए 870 लाख मिले, लेकिन भवन नहीं बना। स्ट्रीट लाइट के मामले में उन्होंने सवाल उठाया था। लेकिन आज तक जवाब नहीं मिल सका।

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देहरादून से लौटकर दूंगा कार्यों की जानकारी
 मैं इस समय देहरादून में हूं। दो दिन बाद मुरादाबाद लौटूंगा। फिर अपने कार्यकाल के कार्यों के बारे में जानकारी दूंगा। - विनोद अग्रवाल, मेयर

मेयर काउंसिल सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाएगी
मेयर विनोद अग्रवाल ने कहा कि शासन के निर्देशानुसार उनका कार्यकाल बोर्ड की प्रथम बैठक के साथ समाप्त माना जाएगा, लेकिन बोर्ड का गठन 21 जनवरी को हुआ था। चुनाव टलने, कार्यकाल समाप्त होने सहित अन्य मुद्दों को लेकर मेयर काउंसिल बृहस्पतिवार को एसएलपी (स्पेशल लीव पेटिशन) दाखिल करेगी। इस बारे में विस्तृत जानकारी देना संभव नही है।
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