मुरादाबाद। बिलारी थानाक्षेत्र के ग्रामीण की हत्या के मामले में विवेचक ने एफआर (फाइनल रिपोर्ट) लगा दी। कोर्ट के आदेश पर इस मामले की दोबारा जांच के आदेश दिए हैं, जबकि विवेचक के खिलाफ विभागीय कार्रवाई के आदेश दिए गए हैं। सीओ क्राइम ने मामले की जांच शुरू दी है।
बिलारी थानाक्षेत्र के थांवला गांव निवासी मोहम्मद आकिल को 12 अप्रैल 2021 में गोली मार दी गई थी। एक सप्ताह बाद 19 अप्रैल 2021 को दिल्ली में उपचार के दौरान मौत हो गई थी। आकिल के बेटे साजिद ने इकरार, रेहान, अनीस, होशियार और गुफरान के खिलाफ बिलारी में हत्या का केस दर्ज कराया था। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में गोली लगने से मौत होने की पुष्टि हुई थी। इस केस की विवेचना विवेचक दरोगा रामपाल सिंह ने की। उन्होंने केस की विवेचना करने के बाद हत्या को हादसा बताया। उन्होंने अपनी रिपोर्ट में बताया कि जेब में रखे तमंचे से गोली चली चली थी, जिससे आकिल घायल हुआ और उपचार के दौरान मौत हो गई। अभियोजन अधिकारियों ने फाइनल रिपोर्ट पर आपत्ति जताई। इसके बाद कोर्ट ने एसएसपी को आदेश दिए गए कि इस मामले में दोबारा विवेचना की जाए और विवेचक के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जाए। एसएसपी हेमराज मीना ने क्राइम ब्रांच के सीओ को केस की विवेचना के आदेश दिए हैं। जबकि विवेचक के खिलाफ विभागीय जांच के आदेश दिए हैं। विवेचक को हर पंद्रह दिन में कोर्ट में प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत करनी होगी।