कुंदरकी। बुधवार को कुंदरकी नगर और ग्रामीण इलाके में परंपरागत तरीके से गोवर्धन पर्व मनाया गया। महिलाओं ने गाय के गोवर से अपने घरों में भगवान गोवर्धन की प्रतिमा बनाई और उसको आकर्षक ढंग से सजाया। इसके बाद महिलाओं ने विधि विधान के साथ पूजा अर्चना की। मान्यता है कि कार्तिक शुल्क प्रतिपदा तिथि को भगवान श्रीकृष्ण ने अपनी कनिष्ठा उंगली पर गोवर्धन पर्वत को उठाकर इंद्र के कोपभाजन बनने से ब्रजवासियों की रक्षा की थी और देवराज इंद्र के घमंड को चूर किया था तभी से सनातन संस्कृति में गोवर्धन पूजा का विधान बदस्तूर जारी है। वहीं अन्नकूट महोत्स्व के उपलक्ष में कुंदरकी नगर के मोहल्ला नूरूल्ला स्थित प्राचीन श्री शिव मंदिर के प्रांगण में भंडारे का आयोजन किया गया जिसमें मौसम की सभी सब्जियां और सभी अनाजों से मिश्रित सब्जी का प्रसाद बनाया जिसको भगवान का भोग लगाकर आरती करने के उपरांत प्रसाद वितरण किया गया। भंडारे में प्रेमपाल दिवाकर, राजेश सागर, रोहित वर्मा, विजय दिवाकर, राजीव शर्मा, हरीश शर्मा, रमन भूषण, शैलू वर्मा, मनोज वर्मा, पूर्णिमा शर्मा, समीक्षा शर्मा, वंशिका शर्मा, शौर्य शर्मा, एकलव्य शर्मा,बेबी शर्मा आदि भक्तजन मौजूद रहे।