अगवानपुर। मोहल्ला सराय फारूख स्थित इमामबाड़ा पंजेतनी में सोमवार को इमाम सज्जाद की शहादत के मौके पर मजलिस का आयोजन किया गया। इमाम सज्जाद का ताबूत बरामद किया गया। मौलाना सैफ अली जैदी ने कहा कि इमाम हुसैन की शहादत के बाद इमाम सज्जाद और उनके साथ औरतों, बच्चों को कैदी बना लिया गया। इमाम सज्जाद को कर्बला से कुफा तक पैदल ले जाया गया। इमाम सज्जाद अपने बाबा इमाम हुसैन के गम में चालीस साल तक आंसू बहाते रहे। कैद से रिहाई के बाद वलीद ने इमाम सज्जाद को जहर देकर शहीद करा दिया। इमाम सज्जाद की शहादत सुनकर अजादारों की आंखों से आंसू निकल पड़े। उसके बाद इमाम सज्जाद का ताबूत बरामद किया गया। इस दौरान नैय्यर अब्बास नकवी, दानिश रजा, नासिर हुसैन, शबी अब्बास, मोहम्मद अब्बास, तकी अब्बास आदि मौजूद रहे। ब्यूरो