निधन की जानकारी मिलने पर उन्होंने सर्वेश सिंह के पुत्र विधायक सुशांत सिंह को कॉल की। उन्होंने बताया कि शव दिल्ली से ठाकुरद्वारा लाया जाएगा। शव यात्रा में शामिल होने के लिए वह लखनऊ से सुबह मुरादाबाद पहुंचेंगे। अभी 12 अप्रैल को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के कार्यक्रम में शरीक होने के लिए आए थे। उस समय स्वस्थ लग रहे थे। सर्वेश सिंह के पिता स्वर्गीय रामपाल सिंह से उनके परिवार का गहरा नाता रहा है। राम पाल सिंह सांसद थे। इसी कारण राजनीतिक जीवन में भी उनसे मुलाकात होती रहती थी। घर आना जाना लगा रहता था। सर्वेश सिंह को चुनाव जिताने के लिए उन्होंने काफी दम लगाया था। अन्य स्थानों पर कार्यक्रम होने के बावजूद वह मुरादाबाद की स्थिति जानने के लिए हर संभव प्रयास करते थे। पिछली चुनाव में सर्वेश सिंह के चुनाव हारने पर भी दुख पहुंचा था। इसी कारण वह 2024 का चुनाव जिताने के लिए मतदान के एक दिन पहले मुरादाबाद आ थे। सर्वेश सिंह के बेटे सुशांत से बराबर उनके स्वास्थ्य के बारे में जानकारी लेते थे। खुशी देने से पहले एक साथी चला गया। इसका मलाल बहुत दिनों तक रहेगा।