ग्राम पंचायतों के ऑडिट में ऑडिटरों द्वारा किए जा रहे भ्रष्टाचार की जांच के लिए मंडलायुक्त ने अपर आयुक्त प्रशासन द्वितीय बीएन यादव की अगुवाई में टीम गठित की थी, जिसमें वित्त नियंत्रक एमडीए जयप्रकाश और उप निदेशक (प्रशासन) मंडी विकास परिषद मुरादाबाद मंडल अविनाश शामिल हैं। इस कमेटी को 15 दिन में जांच कर रिपोर्ट देने को कहा था, लेकिन एक माह बाद भी जांच आगे नहीं बढ़ सकी है।
मुरादाबाद मंडल की ग्राम पंचायतों में ऑडिट के नाम पर ऑडिटरों द्वारा नियमों की अनदेखी करते हुए अवैध वसूली कर ऑडिट किए जाने की बिंदुवार शिकायत जनसूचना कार्यकर्ता इम्तियाज हुसैन एडवोकेट ने सात अक्तूबर 2023 को कमिश्नर से की थी। जिसे गंभीरता से लेते हुए उन्होंने तीन नवंबर 2023 को तीन सदस्यीय समिति गठित कर शिकायती प्रार्थना पत्र में इंगित समस्त बिंदुओं पर 15 दिन में जांच कर आख्या उपलब्ध कराने का आदेश दिया था। साथ ही उपनिदेशक सहकारी समितियां एवं पंचायत लेखा परीक्षा अधिकारी कुनाल प्रताप सिंह को भी संबंधित सभी अभिलेख शीघ्र जांच समिति को उपलब्ध कराने के भी आदेश दिए थे, लेकिन एक माह बाद भी जांच आगे नहीं बढ़ सकी है। इससे ऑडिट में खेल करने वालों के हौसले बुलंद हैं।
ऑडिट में गड़बड़ियों की नौ बिंदुओं पर शिकायत मिली हैं। जिसकी जांच तीन सदस्यीय कमेटी से कराई जा रही है। 15 दिन में जांच कर आख्या देने के निर्देश दिए गए थे। लेकिन अभी तक जांच रिपोर्ट प्राप्त नहीं हुई है। जांच अधिकारी को दुबारा पत्र जारी कर विलंब का कारण पूछा जाएगा। -आंजनेय कुमार सिंह, मंडलायुक्त