मुरादाबाद।
देशद्रोह के मुकदमे के आरोपी कश्मीरी छात्र रफी फारूख अपने व्यवहार की वजह से पढ़ाई में पिछड़ रहा था। इस सेमेस्टर में उसे दो विषयों में कम अंक हैं। वह तीन दिन से क्लास में भी नहीं आ रहा था। साथी छात्रों ने बताया कि रफी फारूख डिप्लोमा कर चुका है, जिसके कारण उसे सीधे दूसरे वर्ष में प्रवेश मिला था। एक साल तक वह छात्रावास में रहा है। इस वर्ष से उसने किराए पर कमरा लिया था। छात्रों ने बताया कि गत वर्ष वह गणित में फेल हुआ था। उसका भाई दिल्ली में पढ़ता है, जबकि पिता सरकारी नौकरी में हैं। वह जब भी कश्मीर जाता था तो दस से 15 दिन में ही आता था। छात्रावास में मैस वार्डन से कश्मीर में होने वाली पत्थरबाजी को लेकर बहस भी हुई थी। उसने जब फेसबुक पर ब्लैक डे मनाया था, उस वक्त भी छात्रों ने विरोध जताया था। छात्रावास छोड़ने के बाद वह पढ़ने भी कम आता था। शिक्षकों का कहना है कि इस वर्ष आंतरिक मूल्यांकन में उसे दो विषय में कम अंक दिए गए हैं। एक विषय में फेल हो गया है। ब्यूरो