मुरादाबाद। मैनाठेर के तीन साल पुराने महिला से दुष्कर्म के मामले में अदालत ने मुलजिम देवर अशरफ को दोषी करार देते हुए दस साल की कैद की सजा सुनाई है।
मैनाठेर थानाक्षेत्र के एक गांव में रहने वाली महिला ने तीन साल पहले अपने देवर के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। महिला ने बताया था कि 2014 में उसके पति की मृत्यु हो गई थी। इसके बाद से देवर अशरफ पीड़िता पर गलत नजर रखता था। जिसकी शिकायत उसने अपने सास ससुर से भी की थी। जून 2015 में अशरफ ने उसके साथ दुष्कर्म किया। रिपोर्ट दर्ज होने के बाद आरोपी के माता पिता और बहन ने पीड़िता को धमकाने का प्रयास किया और मुकदमा वापस लेने का दबाव बनाया।
इस मामले में पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। इस मामले की सुनवाई फास्ट ट्रैक कोर्ट तृतीय प्रवीण कुमार सिंह की अदालत में चली। सरकार की ओर से सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता फरीद अहमद ने पक्ष रखा। अदालत ने पुख्ता सबूतों के आधार पर आरोपी अशरफ को दस साल की सजा व बीस हजार रूपये का जुर्माना सुनाया है। जबकि आरोपी के पिता और मां व बहन को दो-दो साल की सजा के साथ ही प्रत्येक पर पांच- पांच हजार रुपये का जुर्माना लगाया है।