मूंढापांडे से ट्रैक्टर समेत अगवा किए गए चाचा, भतीजा अपहरणकांड की गुत्थी तीन दिन बाद भी नहीं सुलझी है। पुलिस की एक टीम सीसीटीवी में कैद आरोपियों की तलाश में रविवार को रामपुर भेजी गई। आरोप है कि रामपुर से रेकी के बाद ही चाचा, भतीजे का अपहरण कर लूट की वारदात को अंजाम दिया गया था। पुलिस को गुमराह करने के लिए दोनों को अलग अलग जगह फेंका गया था।
सीओ हाईवे राजेश कुमार ने बताया कि सीसीटीवी फुटेज की जांच करने पर पता चला कि आरोपियों ने टोल टैक्स पर आखिरी लाइन से बाइक निकाली थी। वहां पर सीसीटीवी कैमरे का एंगल किनारे की तरफ था, जिस वजह बाइक का नंबर सीसीटीवी कैमरे में कैद नहीं हो सका है। अगर बाइक बीच की लाइन से निकाली जाती तो आरोपियों का हुलिया और बाइक का नंबर सीसीटीवी कैमरे में कैद हो जाता। वारदात के खुलासे के लिए पुलिस की दो टीमें लगाई गईं हैं। अपहरणकर्ताओं के चंगुल से छूटे चाचा, भतीजे से कई बार पूछताछ की गई। आरोपियों के हुलिए के बारे में उनसे पूछा गया है। सीओ का कहना है कि जल्द ही वारदात का खुलासा किया जाएगा।
ये है मामला
मुरादाबाद। शुक्रवार रात को मूंढापांडे निवासी रामू और उसके रिश्ते का भतीजा पप्पू रामपुर से ट्रैक्टर में चोकर लेकर हापुड़ जा रहे थे। मूंढापांडे में जीरो प्वाइंट के पास हादसे का बहाना कर दो बाइक पर सवार पांच बदमाशों ने उनको रोका और ट्रैक्टर समेत अगवा कर लूट की वारदात की थी। इसके बाद दोनों को हाईवे पर फेंक दिया था।