सिविल लाइन थाने में दो सिपाहियों के खिलाफ धोखाधड़ी की रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। आरोप है कि एक सिपाही ने खुद के खिलाफ दर्ज दहेज अधिनियम रिपोर्ट की जानकारी भर्ती के दौरान छिपा ली थी जबकि दूसरे सिपाही पर आरोप है कि उसने भर्ती के दौरान फर्जी दस्तावेज जमा कराए हैं और पत्नी को धोखा देकर प्रेमिका सिपाही संग रह रहा है।
9 वीं वाहिनी पीएसी के सहायक सेनानायक मोहनलाल ने पुलिस को बताया कि बदायूं के मुगर्रा महानगर निवासी लक्ष्मी ने पुलिस महानिरीक्षक पीएसी से शिकायत कर आरोप लगाया था कि सिपाही धनवीर ने भर्ती के दौरान अपने बारे में जानकारियां छिपाई हैं। आरोपी के खिलाफ बदायूं में दहेज अधिनियम के तहत रिपोर्ट दर्ज है, चार्जशीट भी लग चुकी है। इन दिनों जमानत पर है, इसके बाद वह 16 जुलाई को यूपी पुलिस में भर्ती हुआ है। भर्ती के बाद सिपाही प्रशिक्षण के लिए आसाम गया है। आरोप है कि धनवीर ने अपने ऊपर प्रचलित अभियोग का चरित्र सत्यापन के प्रपत्र में उल्लेख नहीं किया है। सहायक सेनानायक की तहरीर पर सिपाही धनवीर निवासी निवासी असदगढ़ किला जिला कासगंज के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। इसके अलावा सिपाही गजेंद्र सिंह के खिलाफ उसकी पत्नी पूजा की शिकायत पर 9वीं वाहिनी पीएसी के सेनानायक ने सहायक सेनानायक मोहनलाल ने जांच सौंपी। जांच में पाया गया कि सिपाही गजेंद्र सिंह ने पत्नी को तलाक दिए बिना एक महिला आरक्षी को अपनी पत्नी बताकर कई बार होटल में रुका था। आरक्षी गजेंद्र के साथ यूपी पुलिस बाक्सिंग टीम 10वीं वाहिनी पीएसी बाराबंकी में साथ अभ्यासरत रहे आरक्षियों के अनुसार आरक्षी गजेंद्र सिंह महिला आरक्षी के साथ बाराबंकी में किराए पर कमरा लेकर रह रहा है। इसकी पुष्टि गजेंद्र और महिला आरक्षी ने की है। आरोप है कि गजेंद्र ने अपनी पत्नी की जन्मतिथि से संबंधित गलत जानकारी भी विभाग को दी थी। आरोपी गजेंद्र निवासी ग्राम लुहाली जिला बुलंदशहर के खिलाफ भी सिविल लाइन थाने में बुधवार रात रिपोर्ट दर्ज की गई है।