नई दिल्ली से डिब्रूगढ़ जाने वाली राजधानी एक्सप्रेस में कुत्ते को लेकर अफरा- तफरी का माहौल रहा। दो महिलाएं फर्स्ट एसी केबिन में कुत्ते को लेकर सफर कर रही थीं। वे नई दिल्ली से न्यू जलपाईगुड़ी जा रही थीं। कुत्ते को साथ रखने पर दूसरे यात्रियों ने आपत्ति जताई व रेलवे कंट्रोल रूम शिकायत की। कंट्रोल रूम की सूचना पर मुरादाबाद में आरपीएफ, टिकट चेकिंग स्टाफ व जीआरपी अलर्ट हो गए।
शुक्रवार की दोपहर दो बजे करीब राजधानी एक्सप्रेस मुरादाबाद स्टेशन पर पहुंची। यहां से टीम ने ट्रेन में चढ़कर दूसरे यात्रियों से केबिन में जाने व महिलाओं को कूपा देने की अपील की। यात्री राजी हो गए और मामला सुलझ गया। इसके बाद चेकिंग स्टाफ ने महिलाओं से कुत्ते को ले जाने के लिए 242 रुपये शुल्क वसूला। सीनियर डीसीएम सुधीर सिंह का कहना है कि कोई भी यात्री ट्रेन की बोगी में कुत्ता लेकर सफर नहीं कर सकता। इसके लिए कुछ नियमों का पालन करना होता है। ज्ञात हो कि राजधानी एक्सप्रेस में कुत्ते को लेकर पहले भी बवाल हो चुका है। यात्रियों की शिकायत पर एक फौजी को ट्रेन से नीचे उतार दिया गया था। यहां से उन्हें टैक्सी में पंजाब तक जाना पड़ा था।
यह है ट्रेन में कुत्ते को ले जाने का नियम
ट्रेन में कुत्ते को ले जाने के लिए उसका शुल्क देना पड़ता है। कुत्ते को गार्ड के केबिन में बने डॉग बॉक्स में रखा जाता है। इसमें भी कुत्ते के मुंह पर जाली लगाई जाती है, जिससे वह गार्ड को नुकसान न पहुंचा सके। इसके अलावा ट्रेन की फर्स्ट एसी बोगी का कूपा बुक करना होगा। उसमें कुत्ते को ले जा सकते हैं।
कूपे व केबिन में यह है अंतर
सीनियर डीसीएम ने बताया कि फर्स्ट एसी बोगी में केबिन व कूपा दोनों होते हैं। केबिन में चार बर्थ होती है, जबकि कूपे में केवल दो बर्थ होती हैं। दूसरे यात्रियों को असुविधा न हो इसके लिए केबिन में कुत्ते को लेकर नहीं जा सकते। इसके लिए यात्री को कूपा बुक कराना पड़ता है।