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जेईई एडवांस्ड

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मुरादाबाद। जेईई एडवांस्ड की परीक्षा मुरादाबाद में 99.04 फीसदी विद्यार्थियों ने दी। दो पालियों में हुई परीक्षा के लिए जिले में तीन केंद्र बनाए गए थे। एमआईटी में सबसे ज्यादा 450 विद्यार्थी पंजीकृत थे। परीक्षा प्रभारी गणेश शर्मा ने बताया कि परीक्षा शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हुई है।
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मुरादाबाद में दोनों पालियों में 627 विद्यार्थियों में से 621 ने परीक्षा दी। सिर्फ छह विद्यार्थी अनुपस्थित थे। पहली पाली सुबह नौ बजे से दोपहर 12 बजे तक और दूसरी पाली दोपहर ढाई बजे से शाम साढ़े पांच बजे तक थी। एमआईटी पर सबसे ज्यादा 450 परीक्षार्थी पंजीकृत थे, जिसमें 447 ने परीक्षा दी। आईएफटीएम विश्वविद्यालय में 87 परीक्षार्थी पंजीकृत थे। यहां पर 84 ने परीक्षा दी। एसीटीसी सेंटर पर पंजीकृत 90 परीक्षार्थी परीक्षा देने पहुंचे।
एमआईटी में एक ऐसी छात्रा पहुंची, जिसके पास मुरादाबाद और आगरा के दो प्रवेश पत्र थे। जब वह एमआईटी पहुंची तो अनुक्रमांक सूची में उसका नाम नहीं था, इसकी वजह से उसे वापस भेजना पड़ा। परीक्षा प्रभारी गणेश शर्मा का कहना है कि हमारे यहां पर वह पंजीकृत नहीं थी, इसलिए वापस कर दिया था। हमें नहीं पता कि उसके पास आगरा का भी प्रवेश पत्र था। छात्रा आगे की प्रक्रिया के लिए एनटीए (नेशनल टेस्टिंग एजेंसी) से संपर्क कर सकती है।
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परीक्षा केंद्र पर पहुंचने का समय सुबह सात बजे था। ऐसे में बदायूं या काशीपुर से बड़ी संख्या में अभिभावकों के साथ आए विद्यार्थी सुबह छह बजे से केंद्र पर पहुंचने लगे थे। दोनों पालियों में परीक्षा होने की वजह से शाम साढ़े पांच बजे तक अभिभावकों ने केंद्र के बाहर समय बिताया।
तीन वर्षों में सबसे ज्यादा 2020 में उपस्थित थे विद्यार्थी
इस वर्ष 99.04 फीसदी विद्यार्थी उपस्थित थे, जबकि पिछले वर्ष 2021 में दोनों पालियों में 649 विद्यार्थियों में से 595 परीक्षार्थी परीक्षा देने पहुंचे थे। 91.67 फीसदी विद्यार्थियों ने परीक्षा दी थी। वहीं वर्ष 2020 में पंजीकृत 692 में से 688 ने परीक्षा दी। सिर्फ चार विद्यार्थी ही अनुपस्थित थे और यह परीक्षा 99.42 फीसदी ने विद्यार्थियों ने दी थी।
यह बोले विद्यार्थी...
मैं पिछले एक वर्ष से तैयारी कर रही हूं। सुबह साढ़े छह बजे केंद्र पर पहुंच गई थी। गणित के सवाल मुश्किल थे, जबकि रसायन विज्ञान के सवाल आसान लगे थे। आईआईटी दिल्ली से इलेक्ट्रॉनिक कम्युनिकेशन से बीटेक करना चाहती हूं।
स्वर्णिमा त्यागी, धनौरा
उम्मीद के हिसाब से यह परीक्षा नहीं हो पाई है। मुझे सवाल हल करने में समय लग रहा था। इसकी वजह से सुबह के समय करीब दस सवाल मुझसे छूट गए हैं। दूसरी पाली के सवाल मैंने आसानी से हल कर दिए थे। जेईई मेंस में 96.72 परसेंटाइल थी। आईआईटी कानपुर मेरी पसंदीदा आईआईटी है।
अंशिका अरोरा, चंदौसी
बिना कोचिंग के मैंने स्वाध्याय से तैयारी की है। पहली पाली में 80 फीसदी सवाल मैंने हल कर लिए थे, जबकि दूसरी पाली में करीब 50 फीसदी सवाल हल किए हैं। सुबह के समय गणित और शाम को रसायन विज्ञान के सवाल हल करने में समय लगा था।
श्रेष्ठ, सिविल लाइंस मुरादाबाद
सुबह छह बजे मैं परीक्षा केंद्र पर आ गया था। मुझे पहली पाली में औसत, जबकि दूसरी पाली में सवाल कठिन लगे थे। गणित में उलझाऊ सवाल थे। आईआईटी रुड़की से मैं मैकेनिकल ब्रांच में बीटेक करना चाहता हूं।
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प्रियांश यादव, बिसौली बदायूं
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