मझोला थाना क्षेत्र के बुद्धि विहार निवासी प्रशांत गुप्ता ने दो सगे भाइयों पर धोखाधड़ी का केस दर्ज कराया है। जिसमें उन्होंने आरोप लगाया था कि दोनों भाइयों ने 71 लाख रुपये लेने के बाद भी दुकान का बैनामा नहीं कराया। तगादा करने पर 38 लाख रुपये वापस कर दिए लेकिन बाकी 33 लाख रुपये ऐंठ लिए हैं। प्रशांत ने एक महिला पर भी फोन पर धमकाने का आरोप लगाया है।
प्रशांत गुप्ता ने बताया कि जनवरी 2021 को बुद्धि विहार निवासी सुशील अरोड़ा और उसके भाई कोतवाली गुलजारीमल धर्मशाला के पास रहने वाले सचिन अरोड़ा उनके पास आए और बोले कि उनके पिता की तबीयत खराब है। उन्हें एक लाख रुपये की जरूरत है। कुछ दिन बाद दो लाख रुपये और ले लिए। इसके बाद दोनों भाइयों ने बताया कि चौमुखापुल के पास एक दुकान है। जिसे वह बेचना चाहते हैं। दोनों भाइयों ने 71 लाख रुपये में दुकान का सौदा तय कर दिया। इसके बाद अलग अलग तारीख में दोनों भाइयों को 71 लाख रुपये दे दिए थे। 11 माह में बैनामा करना तय हुआ था। आरोप है कि इसके बाद दोनों भाई बैनामा कराने पर टाल मटोल करने लगे थे। इसी बीच दोनों भाइयों ने किसी दूसरे व्यक्ति को दुकान का बैनामा करा दिया। पीड़ित ने अपनी रकम मांगी तो आरोपी झूठे केस में फंसाने की धमकी देने लगे थे।
इस मामले की शिकायत करने पर 38 लाख रुपये वापस कर कर दिए थे। बाकी रकम मांगने पर धमकी देने लगे। प्रशांत का दावा है कि 11 दिसंबर 2023 को एक महिला ने कॉल की। महिला ने अपना नाम आशा सिंह बताकर बातचीत की। मेरे घर आकर इस मामले में समझौता कर लो। वरना दोनों भाई दुकान के बाहर ही आत्मदाह कर लेंगे। पीड़ित ने बताया कि आरोपी उसे किसी झूठे केस में भी फंसा सकते हैं। एसएसपी हेमराज मीना के आदेश पर आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज किया गया है। सीओ सिविल लाइंस अर्पित कपूर ने कहना है कि विवेचना में जो भी तथ्य सामने आएंगे। उसी आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।