मूंढापांडे निवासी मुनीष पाल सिंह ने बताया कि वह 2020 में दरोगा के पद से सेवानिवृत्त हुए थे। अब वह बरेली में मकान बनवा रहे हैं। मूंढापांडे में उनका दो मंजिला मकान है। इस मकान के ग्राउंड फ्लोर पर मुनीष और उनकी पत्नी उषा देवी रहती हैं जबकि ऊपरी मंजिल को उन्होंने महिला सिपाही दीपा को किराये पर दे रखा है। दीपा मूंढापांडे थाने में तैनात है। मुनीष पाल सिंह ने बताया कि 18 जून की सुबह दीपा अपने घर शामली चली गई थी। इसके बाद 18 जून की रात ही पति पत्नी बरेली में बन रहे मकान को देखने चले गए थे। इसके बाद वह वहीं रुक गए थे। सोमवार रात रात मुनीष और उनकी पत्नी उषा देवी मूंढापांडे वापस आए तो उन्होंने देखा कि मकान के ताले टूटे पड़े थे। अंदर जाकर देखा तो कमरों में सामान बिखरा पड़ा था और अलमारी भी खुली थी। चोर मकान से 8 लाख रुपये की नकदी, सोने चांदी के जेवर समेत बीस लाख रुपये का सामान चोरी कर ले गए। चोर घर से बंदूक के कारतूस भी ले गए लेकिन उन्होंने बंदूक चोरी नहीं की। घटना की जानकारी मिलने पर मूंढापांडे थाने की पुलिस मौके पर पहुंच गई और जांच पड़ताल की। फोरेंसिक टीम ने भी मौके पर पहुंच गई जांच पड़ताल की है। एसपी सिटी अखिलेश भदौरिया ने बताया कि चोरों की तलाश की जा रही है।
सिपाही के कमरे में भी चोरी
मुरादाबाद। शामली निवासी सिपाही दीपा मूंढापांडे थाने में तैनात है। वह सेवानिवृत्त दरोगा के मकान की ऊपरी मंजिल पर किराये पर रहती है। चोरों ने दीपा के कमरे में भी चोरी की वारदात को अंजाम दिया है। चोर दीपा के कमरे से 15 हजार रुपये और सोने चांदी के जेवर ले गए हैं। मंगलवार शाम दीपा मूंढापांडे पहुंची और उसने कमरा चेक किया। तब पता चला कि चोर इस कमरे में घुसे थे।
सेवानिवृत्त दरोगा के एक बेटे की हो चुकी है मौत, दूसरा लापता
सेवानिवृत्त दरोगा ने बताया कि उनके दो बेटे थे। दोनों बेटे पुलिस विभाग में सिपाही थे। 2010 में गश्त के दौरान पांच पुलिस कर्मियों की सड़क हादसे में मौत हो गई थी। इनमें मुनीष का बड़ा बेटा सुधीर कुमार सिंह भी शामिल था जबकि दूसरे नंबर का बेटा अवधेश कुमार सिंह बिजनौर के महिला थाने में तैनात था। वह जनवरी 2013 से लापता है। सेवानिवृत्त दरोगा का कहना है कि मेरी कोई औलाद न होने के कारण कुछ लोग मेरी संपत्ति पर कब्जा करना चाहते हैं।