मड़िहान। मड़िहान तहसील में तैनात राजस्व निरीक्षक इंद्रमणि तिवारी को एंटी करप्शन टीम ने सोमवार की दोपहर 10 हजार रुपये का रिश्वत लेते रंगे हाथ पकड़ लिया। एंटी करप्शन की टीम राजस्व निरीक्षक को तहसील से पकड़ कर मड़िहान थाने ले गई। वहां पर केमिकल से हाथ धुलवाने के बाद टीम द्वारा कानूनगो के खिलाफ भ्रष्टाचार अधिनियम के तहत मड़िहान थाने में मुकदमा दर्ज कराया गया।
संतनगर थाना क्षेत्र के लेदुकी गांव निवासी अभिषेक सिंह ने एंटी करप्शन टीम से शिकायत कर राजस्व निरीक्षक द्वारा 10 हजार रुपये घूस मांगने का शिकायती पत्र दिया। बताया कि 11 जुलाई को शिकायती पत्र देने पर एसडीएम द्वारा उनकी जमीन पर पैमाइश करने का आदेश दिया गया। इसके बाद भी राजस्व निरीक्षक सिरसी इंद्रमणि तिवारी निवासी सेमरी कला थाना लालगंज द्वारा पैमाइश के लिए 10 हजार रुपये रिश्वत की मांग की गई। बिना रिश्वत दिये पैमाइश करने को तैयार नहीं थे। पीड़ित की शिकायत पर एंटी करप्शन टीम ने राजस्व निरीक्षक का रंगे हाथ रिश्वत लेते पकड़ने की योजना बनाई। पीड़ित को केमिकल लगा नोट दिया। पीड़ित तहसील के प्रथम तल पर बैठे राजस्व निरीक्षक इंद्रमणि तिवारी के पास गया। राजस्व निरीक्षक ने पीछे बरामदे की ओर जार 10 हजार रिश्वत का पैसा लेकर जेब में रखा तभी एंटी करप्शन की टीम में शामिल निरीक्षक पतिरात यादव, विनय सिंह, दिग्विजय नाथ तिवारी, हेड कांस्टेबल संदीप कुमार, सुधीर कुमार, मुकेश सिंह आदि ने मौके पर पहुंच कर राजस्व निरीक्षक को रंगे हाथ पड़ लिया। उनको मड़िहान थान लाया गया। जहां उनको हाथ धुलवाकर साक्ष्य इकट्ठा किया गया। रिश्वत लेने के आरोपी राजस्व निरीक्षक के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज किया गया। राजस्व निरीक्षक बनने से पहले इंद्रमणि सदर तहसील में संग्रह अमीन के पद पर तैनात था। तीन वर्ष पूर्व प्रमोशन के बाद उसे मड़िहान तहसील में तैनाती मिली थी। एंटी करप्शन के निरीक्षक विनय सिंह ने बताया कि 10 हजार रुपये रिश्वत लेते राजस्व निरीक्षक को गिरफ्तार किया गया है।