कलेक्ट्रेट सभागार में शुक्रवार को जिलाधिकारी प्रवीण कुमार लक्षकार ने पेयजल संबंधित विभिन्न परियोजनाओं की समीक्षा की। इसमें राज्य पेयजल एवं स्वच्छता मिशन (नमामि गंगे तथा ग्रामीण जलापूर्ति विभाग) के अन्तर्गत ग्राम समूह पाइप पेयजल (जल जीवन मिशन) योजनाओ के प्रगति की समीक्षा की गयी। अपर जिलाधिकारी नमामि गंगे अमरेन्द्र कुमार वर्मा ने बताया कि छह कार्यदायी संस्थाओं द्वारा नौ प्रोजेक्ट से संबंधित कार्यो को किया जा रहा है। अपर जिलाधिकारी ने एक-एक कार्यदायी संस्था की प्रगति के बारे में विस्तृत जानकारी दी। कार्यदायी संस्था एनसीसी लि मेघा इंजीनियरिंग एजेंसी मल्टी अर्बन, रैंकी बाबा एजेंसी के द्वारा प्रगति की गलत रिपोटिंग पर जिलाधिकारी ने कड़ी नाराजगी व्यक्त करते हुये उनके द्वारा दिये गये रिपोर्ट की प्रगति की जॉच संबंधित तहसील के उप जिलाधिकारी की अध्यक्षता में गटित टीम के द्वारा कराये जाने का निर्देश दिया। सभी एजेंसियों से जिलाधिकारी ने कहा कि ग्राम समूह पाइप योजना नियमित समयावधि के सापेक्ष कार्यो की गति में कोई प्रगति नहीं पायी गयी। संबंधित कार्यदायी संस्था को कठोर चेतावनी के साथ निर्देशित किया गया कि प्रोजेक्ट समाप्ति की निर्धारित तिथि के अन्तर्गत ही कार्य में तेजी लाकर पूर्ण कराया जाय। उन्होने कहा कि कार्यदायी संस्थाओ के परियोजना प्रबन्धक द्वारा माइक्रो लेबर पर प्लानिंग की जाय तथा जोनवार ग्रामों में सम्पूर्ण कार्य, टंकी का कार्य पाइप लाइन बिछाने तथा प्रत्येक घरों में जल कनेक्शन जोड़ने का कार्य साथ-साथ पूर्ण किया जाय। किसी भी दशा में ग्राम में किये जाने वाले कार्यो को अधूरा छोड़कर अन्य ग्राम में कार्य चालू न किया जाय। प्रत्येक ग्रामों में जलापूर्ति कार्य शुरू होने के उपरान्त ही अन्य ग्राम में कार्य प्रारम्भ करा जाय। उन्होने कहा कि अगली समीक्षा बैठक के पूर्व संबंधित ग्रामों का विस्तृत विवरण उपलब्ध कराया जाय। बैठक में प्रभागीय वनाधिकारी पीएस त्रिपाठी, अधीक्षण अभियंता विद्युत वितरण खण्ड, जल निगम, सिंचाई सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।