मिर्जापुर। जिले में पहले दिन 14 परीक्षा केंद्रों पर पुलिस भर्ती परीक्षा कड़ी सुरक्षा में संपन्न हुई। केंद्रों पर तीन स्तरीय जांच और एआई से फोटो के मिलान बाद ही अभ्यर्थियों को कक्ष में प्रवेश दिया गया। सीसी कैमरे के जरिये कंट्रोल रूम से परीक्षा कक्षों की निगरानी की गई। परीक्षा केंद्रों पर पहुंचने वाले अभ्यर्थियों की पहले दो बार फोटो खींची गई। इसके बाद उनकी फोटो ऑनलाइन ही मुख्यालय भेजी गई। वहां अभ्यर्थियों के डाटा बेस से उनकी फोटो का मिलान एआई (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) के सहयोग से कराया गया। मुख्यालय से पुष्टि होने पर ही अभ्यर्थियों को परीक्षा कक्ष में प्रवेश दिया गया। उनके प्रश्न पत्र पर होलोग्राम लगाया गया था। परीक्षा कक्ष में बैठने के बाद एक फिर अभ्यर्थियों की बायोमेट्रिक जांच की गई। इसके अलावा वेब कास्टिंग के जरिये मुख्यालय से हर परीक्षा केंद्रों की निगरानी हुई। पुलिस अधीक्षक अभिनंदन ने बताया कि इस बार परीक्षा केंद्रों पर अतिरिक्त सतर्कता बरती गई। पहले अभ्यर्थियों के शरीर की जांच की गई। दो बार बायोमेट्रिक जांच की गई। इसके बाद दो बार अभ्यर्थी की फोटो खींची गई। एआई से फोटो की पुष्टि के बाद अभ्यर्थियों को इंट्री दी गई। पहले दिन जिले के किसी अभ्यर्थी के फोटो मिलान में कोई शिकायत मुख्यालय से नहीं आई। डबल लाॅक में रखे गए प्रश्नपत्र के लिफाफे पर्यवेक्षकों की निगरानी में परीक्षा केंद्रों तक पहुंचे। केंद्रों पर वे सीसीटीवी कैमरे की निगरानी में खोले गए। बताया कि केंद्रों पर परीक्षा के लिए दो सहायक केंद्र व्यवस्थापक की तैनाती की गई थी। इसी प्रकार परीक्षा कक्षों में दो परीक्षा सहायकों की भी तैनाती की गई थी। प्रत्येक केंद्र पर स्टेटिक मजिस्ट्रेट तैनानी की गई थी। पुलिस भर्ती परीक्षा में रीजनिंग के सवालों को हल करने में अभ्यर्थियों के पसीने छुट गए। अधिकतर अभ्यर्थी उत्तर-दक्षिण का पता ही नहीं लगा पाए। वे दिशा वाले प्रश्न छोड़ दिए। इसके अलावा रिश्तों वाले प्रश्न ने भी अभ्यर्थियों परेशान किया। अभ्यर्थी गाजीपुर निवासी विशाल सिंह ने बताया कि इस बार जीके और रिजनिंग के सवाल पिछली बार से अलग थे। हिंदी के प्रश्न सरल थे। प्रश्न पत्र में उत्तर प्रदेश से जुड़े सवाल कम थे। अभिषेक शुक्ला ने बताया कि इस बार गणित के सवाल सरल थे। समय कम मिला। 150 प्रश्न के लिए दो घंटे का समय मिला। समय तीन घंटा होना चाहिए था। विद्यालय निरीक्षक राजकुमार दीक्षित ने बताया कि पहले दिन दोनों पालियों में 2937 अभ्यर्थियों ने परीक्षा छोड़ दी। पहली पाली में पंजीकृत 5472 अभ्यर्थियों में से 4000 अभ्यर्थी ही परीक्षा में शामिल हुए। पहली पाली में 1472 अभ्यर्थी अनुपस्थित रहे। वहीं, दूसरी पाली में पंजीकृत 5472 में से 4007 अभ्यर्थी परीक्षा में शामिल हुए। 1465 अभ्यर्थी अनुपस्थित रहे। दूसरी पाली में पहली पाली की अपेक्षा सात अभ्यर्थी ज्यादा रहे। उत्तर पुस्तिकाएं कड़ी सुरक्षा में रखी गई हैं। डीएम प्रियंका निरंजन, एडीएम शिवप्रताप शुक्ल अन्य प्रशासनिक अधिकारी सुबह से शाम तक परीक्षा केंद्रों का चक्रमण करते रहे। परीक्षा केंद्रों के आसपास की सभी साइबर कैफे और चायपान की दुकानें बंद रहीं। अभ्यर्थियों के साथ आए उनके अभिभावक चाय-पान के लिए तरस गए।
इनसेट
परीक्षा छूटने के बाद विभिन्न मार्गों पर लगा भीषण जाम
मिर्जापुर। जिले में शुक्रवार को उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती परीक्षा के कारण दिनभर जाम की स्थिति रही। परीक्षा केंद्रों के आस-पास के मार्गो पर वाहनों की लंबी कतार दिखी। सुबह 10 बजे से ही केंद्रों पर अभ्यर्थियों के पहुंचे का सिलसिला शुरु हो गया था। गाइडलाइन के मुताबिक उन्हें आधे घंटे पहले परीक्षा केंद्रों में पहुंचना था। 12 बजे पहली पाली की परीक्षा खत्म होने के बाद सड़क पर जाम की स्थिति उत्पन्न हो गई। यही स्थिति दूसरी पाली की परीक्षा के छूटने के बाद शाम पांच बजे रही। नगर के जुबिली इंटर काॅलेज, रमईपट्टी, शुक्लहा तिराहा, बसंत विद्यालय, बीएलजे, आर्यकन्या इंटर काॅलेज, रोडवेज-रेलवे स्टेशन आदि मार्गों पर लोग एक घंटे तक जाम में जूझते रहे। जाम छुड़ाने में यातायात पुलिस कर्मियों के पसीने छुट गए। यातायात प्रभारी विपिन पांडेय भ्रमण कर यातायात कर्मियों को दिशा- निर्देश देते रहे।