मुख्य विकास अधिकारी श्रीलक्ष्मी वीएस ने मंगलवार को हलिया विकास खंड में डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी रुर्बन मिशन के कार्यों का निरीक्षण किया। उमरिया में गो आश्रय स्थल के निरीक्षण के दौरान गंदगी मिलने पर उन्होंने अधिकारियों को ग्राम विकास अधिकारी का अक्टूबर माह का वेतन रोकने का निर्देश दिया।
उन्होंने मिशन के तीन कार्यों कोटार में शिव मंदिर परिसर में चेंजिंग रूम, पूर्व में निर्मित सीढ़ी की मरम्मत एवं पानी टंकी व बोरिंग कार्य, हथेड़ा में मिनी बस स्टेशन तथा हलिया में वेस्ट रिसाइकिलिंग प्लांट के कार्य का निरीक्षण किया। इसके अलावा उन्होंने ग्राम पंचायत उमरिया, हलिया, हथेड़ा व महागढ़ी में गोआश्रय स्थल का भी निरीक्षण कर व्यवस्था का जायजा लिया।
निरीक्षण के दौरान चेंजिंग रूम में प्लास्टर का पूरा मिला जबकि पेंटिंग कार्य बाकी था। सीडीओ ने कार्यदायी संस्था के सहायक अभियंता को बोरिंग कार्य शुरू कराने तथा बचे हुए अन्य कार्यों को एक सप्ताह के अंदर पूरा कराने का निर्देश दिया। हथेड़ा में प्रस्तावित मिनी बस स्टेशन के निर्माण कार्य में स्लैब का कार्य, बाउंड्री, इंटरलाकिंग का कार्य अधूरा मिला।
ग्राम पंचायत हलिया में निरीक्षण के दौरान सीडीओ को बताया गया कि वेस्ट रिसाइकिलिंग प्लांट का कार्य जहां प्रस्तावित है, वहां जमीन संबंधी विवाद है तथा गांव चकबंदी प्रक्रिया अंतर्गत है। इस पर उन्होंने चकबंदी अधिकारी से वार्ता कर एक सप्ताह के अंदर भूमि का सीमांकन कराने का निर्देश दिया।
निरीक्षण के दौरान गो आश्रय स्थल उमरिया में 300 गोवंश मिले। गोआश्रय स्थल के चारों तरफ गोबर रखा मिला। जगह-जगह गंदगी मिली। इस पर उन्होंने संबंधित ग्राम विकास अधिकारी शिवशंकर पटेल का अक्टूबर माह का वेतन अगले आदेश तक रोकने का निर्देश दिया।