मिर्जापुर। जिले में शुक्रवार को देर को आई आंधी-पानी का क्रम देर रात तक चलता रहा। इससे मड़िहान थाना क्षेत्र के विशुनपुर गांव में पेड़ गिरने से दबकर एक वृद्ध की मौत हो गई, जबकि राजगढ़ थाना क्षेत्र के बघौड़ा गांव में सीमेंट की चादर गिरने से दो लोग घायल हो गए। राजगढ़ के कई गांवों में सीमेंट व टिन शेड हवा में उड़ जाने से लोगों ने पेड़ के नीचे रात गुजारी। इसके अलावा जिगना के भिलौरा गांव में मकान पर पेड़ गिर गया। मड़िहान थाना क्षेत्र के विशुनपुर गांव निवासी दुक्खू उर्फ दुखी (65) शुक्रवार को देर शाम को घर के बाहर पशु बांध रहे थे। तभी क्षेत्र में आंधी चलने के साथ बारिश होने लगी। तेज आंधी से भारी-भरकम पेड़ टूट कर मवेशी बांध रहे सुक्खू के ऊपर गिर गया। जिससे पेड़ के नीचे दबकर उनकी मौके पर ही मौत हो गई। परिजनों ने इसकी सूचना मड़िहान तहसील प्रशासन को दी। वृद्ध की मौत परिजनों में कोहराम मचा गया। थानाध्यक्ष शैलेश राय ने बताया कि पशु बांधते समय पेड़ के नीचे दबकर वृद्ध की मौत हो गई। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। राजगढ़ थाना क्षेत्र के इंदिरानगर की नई बस्ती में दर्जनों घरों के टिन शेड व छप्पर उड़ जाने से लोगों ने बारिश के बाद पेड़ के नीचे रात बिताई। जिसमें कल्लू बिंद, शीला देवी, कलावती देवी, सुनील कुमार, शिव शंकर, राजेंद्र, बृजेश जयसवाल, राम बृक्ष पाल, राजदीप, रामकेश, गुड़िया, बक्श अली, बंशी, शीतला प्रसाद, सरिता, अजय गौड़, नीरज, मुस्तफा, सावरा देवी, सुभाष आदि का टिन शेड उड़ गए। सभी लोगों ने पेड़ के नीचे रात बिताई। इसी के साथ बघौड़ा में एक मकान में सीमेंट का चादर उड़कर पशु बांध रहे दो लोगों पर गिरा। दोनों घायलों को सीएचसी ले जाया गया। जिसमें कुंदन (24) वर्ष की हालत खराब होने पर चिकित्सकों ने प्राथमिक उपचार के बाद मंडलीय चिकित्सालय रेफर कर दिया। गुलजार ( 60) वर्ष का इलाज चल रहा है।
उप जिलाधिकारी अश्वनी कुमार सिंह ने हल्का लेखपाल को निर्देशित किया कि जहां-जहां फसलें व घरों का नुकसान हुआ है, उसका आकलन कर रिपोर्ट दें।
उधर, जिगना थाना क्षेत्र के ग्राम भिलौरा में आंधी के कारण महुआ का पेड़ मकान पर गिर गया। नुकसान का आकलन करने शनिवार को क्षेत्रीय लेखपाल गांव में पहुंचे। शुक्रवार की शाम भिलौरा गांव निवासी घनश्याम बिन्द के घर पर महुआ का बड़ा पेड़ गिर गया। इससे मकान को काफी क्षति पहुंची है। ग्राम प्रधान राजेंद्र प्रसाद ने बताया कि इसी एक घर के सहारे घनश्याम का पूरा परिवार रहता है। घर क्षतिग्रस्त हो जाने से उनकी परेशानी बढ़ गई है। लेखपाल ने जल्द रिपोर्ट देकर सरकारी मदद दिलाने का भरोसा दिया है।