फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Mirzapur: गंगा में मिला तैरता हुआ पत्थर, लोगों ने त्रेता युग का पत्थर माना, विष्णु मंदिर लाकर पूजा-पाठ की

Sat, 15 Oct 2022 11:39 AM IST
किरन रौतेला न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मिर्जापुर

सार

Floating Stone found in Ganga: सीखड़ के लालपुर निवासी बचाऊ शर्मा सुबह गंगा नदी पर पिंडदान में शामिल होने गए थे तभी उन्हें गंगा नदी में एक तैरता हुआ पत्थर दिखाई दिया। जिसको गांव के लोगों ने नदी से निकालकर बार बार पानी में डूबोने का प्रयास किया परन्तु पत्थर पानी पर तैरता ही रहा।
विज्ञापन
गंगा में मिला तैरता पत्थर - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

मिर्जापुर के लोग उस समय हैरान हो गए जब उन्होंने गंगा में तैरता हुआ एक पत्थर देखा। मिर्जापुर के सीखड़ क्षेत्र में गंगा नदी में तैरता एक ठोस पदार्थ लोगों को दिखाई दिया। पत्थरनुमा ठोस पदार्थ को तैरता देख लोगों के आश्चर्य का ठिकाना न रहा। देखते ही देखते लोगों की भीड़ जुट गई। इसी बीच कुछ लोगों ने इसे त्रेता युग का पत्थर मान पूजा पाठ शुरू कर दी है। क्षेत्र में इस घटना की खूब चर्चा हो रही है।
विज्ञापन

 

मंदिर में रखा गया तैरता हुआ पत्थर - फोटो : अमर उजाला
सीखड़ गांव के सामने गंगा नदी में तैरता हुआ पत्थर देखकर सभी अचंभित रह गए। सीखड़ के ही लालपुर निवासी बचाऊ शर्मा सुबह गंगा नदी पर पिंडदान में शामिल होने गए थे तभी उन्हें गंगा नदी में एक तैरता हुआ पत्थर दिखाई दिया। जिसको गांव के लोगों ने नदी से निकालकर बार बार पानी में डूबोने का प्रयास किया परन्तु पत्थर पानी पर तैरता ही रहा। गांव वालों द्वारा इसको अलौकिक पत्थर मानकर नदी से निकालकर पास स्थित विष्णु भगवान के मंदिर में लाकर रख दिया गया है। जिसको देखने के लिए भारी संख्या में आसपास के गांव के लोग मंदिर पहुंच रहे हैं।

विज्ञापन

पत्थर की जांच करने मिर्जापुर जाएगी बीएचयू की टीम

मिर्जापुर के सीखड़ गांव में गंगा नदी में तैरते मिले पत्थर की जांच करने रविवार को बीएचयू के भूगर्भ विज्ञानी मिर्जापुर जाएंगे। जियोलॉजी डिपार्टमेंट के हेड डॉ. बीपी सिंह ने बातचीत में बताया कि किस तरह का पत्थर है यह पत्थर को देखे बिना कुछ भी नहीं कहा जा सकता है।

कहा कि पियूमिस और कोरल पत्थर की ऐसी वेराइटी है, जिसमें जगह-जगह छेद होता है। इससे उसमें हवा भर जाने के कारण यह हल्का हो जाता है। ऐसे पत्थर भी कभी कभी तैरते हैं।  बताया कि  रविवार को मौके पर जांच कर यह पता लगाया जाएगा कि यह कौन से पत्थर है। इसके बाद इस बारे में विस्तार से जानकारी देना उचित होगा। 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें