बलभद्र सुभद्रा के साथ योगेश्वर भगवान जगन्नाथ की तीन दिवसीय ठाकुर जी के मेले का रविवार की भोर सूर्योदय से पूर्व समापन हो गया। भगवान जगन्नाथ की अद्वितीय छवि मंदिर स्थित गर्भ गृह में सिंहासन पर विराजमान हो गई। श्री राधा कृष्ण सेवा स्थल समिति सत्यानगंज स्थित मंदिर पहुंचने से पूर्व शनिवार की देर रात तक स्वर्गीय श्री नाथ जी साहू के आवास पर चले भजन कीर्तन कार्यक्रम में सैकड़ों भक्तों ने शिरकत की।
इस दौरान कजली और सोहर का मुकाबला भी हुआ। रात की अंतिम आरती पुजारी अमरेश चंद्र पांडेय द्वारा की गई। नगर क्षेत्र के गोला कन्हैयालाल साहु की कोठी से निकली भगवान जगन्नाथ की रथ यात्रा बलभद्र सुभद्रा के साथ स्वर्गीय श्री नाथ जी साहू के आवास पर जयकारे के साथ पहुंची। वहां सैकड़ों भक्तों ने श्रद्धा में शीश झुका कर भगवान जगन्नाथ की अद्वितीय छवि के दर्शन किए। पूजन के उपरांत कलाकारों ने सोहर, भजन और भक्ति गीतों की अद्भुत प्रस्तुति दी।
देर रात तक चले कार्यक्रम के दौरान श्री कृष्ण जन्मोत्सव से जुड़े भजन, गीत गाए गए। कार्यक्रम में हिस्सा लेने वाले कलाकारों को पुरस्कृत भी किया गया। सेवा स्थल समिति के मंत्री राज कुमार अग्रहरि द्वारा रथयात्रा मेले के समापन की घोषणा की गई तथा सकुशल मेला संपन्न होने पर लोगों का आभार जताया गया। कार्यक्रम में प्रमुख रूप से शुभेंद्र जायसवाल, सुरेश जायसवाल, कंदर्प आनंद गुप्त, पारसनाथ केसरी, विजय अग्रहरी वैद्य, सुनील कुमार अग्रहरि, आशीष कुमार पांडेय आदि लोग उपस्थित रहे।