स् जिले के सभी 12 विकास खंडों के परिषदीय विद्यालयों में स्मार्ट क्लास संचालित किए जा रहे हैं। इंटरेक्टिव बोर्ड व प्रोजेक्टर के माध्यम से बच्चों को शिक्षा दी जा रही है। वर्तमान में 274 विद्यालयों में स्मार्ट क्लास की व्यवस्था की गई है। हालांकि क्लस्टर वाले विकास खंड के विद्यालयों में स्मार्ट क्लास पहले से ही संचालित हो रहे हैं।
वर्तमान में जिले में 1806 परिषदीय विद्यालय संचालित हो रहे हैं। इनमें 1200 प्राथमिक व 208 उच्च प्राथमिक विद्यालयों के अलावा 398 कंपोजिट विद्यालय शामिल हैं। इनमें से हलिया और पटेहरा ब्लॉक में सबसे पहले स्मार्ट क्लास का संचालन हो रहा है। हलिया और पटेहरा ब्लॉक को डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी रुर्बन मिशन योजना के तहत संचालित किया जा रहा है। इसलिए इन विकास खंडों में सबसे पहले स्मार्ट क्लास शुरू करने की व्यवस्था की गई थी।
इसके साथ ही मड़िहान व नरायनपुर विकास खंड में भी स्मार्ट क्लास संचालित किए जा रहे हैं। अब जिले के सभी 12 विकास खंडों में 274 स्मार्ट क्लास संचालित हो रहे हैं। पटेहरा विकास खंड में सबसे अधिक 22 स्मार्ट क्लास संचालित हैं। इनमें से 13 जगहों पर इंटरेक्टिव बोर्ड की सुविधा उपलब्ध है। इसी प्रकार हलिया विकास खंड में आठ स्मार्ट क्लास संचालित हैं। अन्य विकास खंडों के परिषदीय विद्यालयों में भी स्मार्ट क्लास संचालित किए जा रहे हैं।
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी गौतम प्रसाद ने बताया कि स्मार्ट क्लास से दो प्रकार के लाभ हुए हैं। एक तो बच्चों की बौद्धिक क्षमता में बढ़ी है और वे चीजों को अच्छी तरह से समझ भी रहे हैं। दूसरा लाभ यह है कि स्मार्ट क्लास से विद्यालयों में बच्चों की उपस्थिति भी बढ़ी है। यह अच्छी बात है। उन्होंने कहा कि जब बच्चे विद्यालय आएंगे तो सीखेंगे भी।