इंडियन इंडस्ट्रीज एसोसिएशन के अध्यक्ष ने हनुमान पड़रा को औद्योगिक क्षेत्र घोषित करने के लिए कारण एवं सुझाव से संबंधित ज्ञापन शुक्रवार को एएस जुबली इंटर कॉलेज में चल रहे जन सुनवाई के दौरान संबंधित अधिकारी को सौंपा।
आईआईए के अध्यक्ष मोहनदास अग्रवाल ने कहा कि नगर के सुनियोजित विकास के लिए मिर्जापुर विकास प्राधिकरण की तरफ से महायोजना 2031 प्रस्तावित की गई है। उत्तर प्रदेश सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल ओडीओपी के तहत यहां के दो उत्पाद कार्पेट, पीतल के बर्तन को शामिल किया गया है। वहीं अन्य उत्पाद जैसे पत्थर उद्योग, पाटरी उद्योग, काष्ठ (लकड़ी) उद्योग जुड़ने बाकी रह गए हैं। उन्होंने कहा कि इसके साथ ही मिर्जापुर नगर के आसपास नये उद्योगों की स्थापना के लिए स्थान चिह्नित होना जरूरी है। नये उद्यमियों को उद्योग लगाने के लिए कोई स्थान नहीं है। उन्होंने कहा कि मिर्जापुर के सभी औद्योगिक एवं व्यापारिक संगठनों की ओर से जिला एवं मंडलीय उद्योग बंधु की बैठक के माध्यम से वर्ष 2014 से नगर क्षेत्र में औद्योगिक क्षेत्र के निर्माण की मांग की जा रही है। आईआईए के अध्यक्ष ने कहा कि इसी परिप्रेक्ष्य में सुझाव दिया जा रहा है कि पथरहिया औद्योगिक आस्थान के ठीक पीछे पड़रा हनुमान क्षेत्र को 2031 की महायोजना में औद्योगिक क्षेत्र घोषित किया जाना चाहिए। उन्होंने बताया कि पड़रा हनुमान क्षेत्र में पहले से ही कार्पेट एवं पीतल बर्तन की फैक्ट्री है। यह क्षेत्र दोनों तरफ से प्रदेश एवं राष्ट्रीय राजमार्गों से सटा हुआ है। ऐसे में यह इलाका औद्योगिक क्षेत्र होने जाने से नगर सहित जिले का समुचित विकास होगा।