फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

खोदकर छोड़ी गई पटरियों से बढ़ा खतरा

विज्ञापन
विज्ञापन
नगर क्षेत्र में शुद्ध पेयजल की आपूर्ति के बाबत पाइप लाइन डालने के लिए खोदकर छोड़ी गई पटरियों से लोगों की परेशानी बढ़ गई है। उधर, नगर पालिका की तरफ से पटरियों की खोदाई से पहले इंटरलाकिंग के कार्य कराए गए थे। खोदाई के बाद अब इंटरलाकिंग में प्रयुक्त ईंट ही गायब हो रहे हैं। समय रहते खोदी गई पटरियों की मरम्मत नहीं कराई गई तो इंटरलाकिंग की ईंट गायब होने के साथ ही आवागमन करने वालों के लिए समस्या भी गंभीर हो सकती है।
विज्ञापन

नगर पालिका परिषद मिर्जापुर के क्षेत्र में पेयजल आपूर्ति के लिए अमृत जल योजना के लिए 400 करोड़ रुपये की कार्ययोजना स्वीकृत है। इस बजट से गंगा नदी से पानी लिफ्ट करके उसे वाटर ट्र्ीटमेंट प्लांट में शुद्ध करके हर घर तक पानी पहुंचाने का लक्ष्य तय किया गया है। इस वर्ष के अंत तक कार्य पूरा करा लेने का लक्ष्य है। योजना के तहत नगर क्षेत्र में कार्यदायी संस्था जल निगम की तरफ से पटरियों पर किनारे- किनारे पाइप लाइन डालने का काम किया जा रहा है। अधिकांश कार्य पूरा किए जा चुके है। पाइप लाइन डाली जा चुकी हैं। नगर के वासलीगंज, इमामगंज, बदलीघाट, रैदानी कालोनी, तरकापुर, स्टेशन रोड सहित कई जगहों पर पाइप डालने के लिए पटरियां खोदी गई थीं। उनकी इंटरलाकिंग में लगी ईंट को वहीं पटरियों के किनारे रख दिया गया था। अब यह देखने में आ रहा है कि उनमें से ईंट गायब हो रहे हैं। यदि खोदी गई पटरियों की मरम्मत के साथ ही इंटरलाकिंग कर उसमें ईंट लगा दिए गए होते तो यह स्थिति पैदा नही ंहोती। अब पटरियों से होकर आवागमन करने वालों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इन खोदी गई पटरियों से दुर्घटनाएं बढ़ रही हैं। विशेषकर दो पहिया वाहन सवार गड्ढे में गिरकर दुर्घटना के शिकार हो रहे हैं। एक भी पहिया यदि इन गड्ढों में चला जाता है तो वे वाहन पलट जा रहे हैं। कई जगह तो लगभग साल भर से ऐसी स्थिति है। जल निगम के अधिशासी अभियंता संजय कुमार का कहना है कि अब पटरियों को बनाने का काम शुरू किया गया है। शीघ्र ही इनको बनाया जाएगा। जहां भी पटरियां खोदी गई हैं। उन्हें जल्द ही ठीक कराया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें