भूमि विवाद को लेकर क्षेत्र के महेवा गांव में बुधवार की भोर में हुई मारपीट व फायरिंग में एक ही परिवार के चार लोग घायल हो गए। आरोपियों को गिरफ्तार करने गए पुलिस दल पर मिट्टी का तेल डाल कर जलाने का प्रयास किया गया। इस मामले में महिला समेत दो लोगों को गिरफ्तार कर लिया गया है। घायलों को बनारस के ट्रामा सेंटर में भर्ती कराया गया है, जिनमें एक की हालत गंभीर है।
महेवा निवासी हीरा पटेल व राम किशुन बिंद(60) के बीच एक भूखंड पर कब्जे को लेकर विवाद चल रहा है। उनमें कई बार मारपीट भी हो चुकी है। सोमवार की शाम दोनों में पक्षों में फिर मारपीट हुई थी। रामकिशुन ने हीरा व सहयोगियों के खिलाफ थाने में तहरीर दी थी। इससे नाराज हीरा ने मंगलवार की भोर करीब सवा चार बजे हैंडपंप पर पानी भरने गए रामकिशुन तथा उसका बेटे धमेंद्र(22) पर हमला बोल दिया।
शोरगुल सुनकर रामकिशुन की पत्नी तथा एक बेटी वहां आ गईं। आरोप है कि हीरा ने रामकिशुन पर तमंचे से गोली चलाई जो धमेंद्र (22) की गर्दन में जा लगी। छर्रा लगने से रामकिशुन पत्नी इंद्रवती और बेटी सुमन (14) घायल भी घायल हो गईं। शिकायत मिलने पर पुलिस ने हीरा के घर दबिश दी तो उसकी पत्नी सुनीता ने थानाध्यक्ष योगेश यादव, उपनिरीक्षक श्रवण कुुमार, संजय सिंह और अन्य सिपाहियों पर मिट्टी का तेल फेंक दिया और उन्हें जलाने के लिए आग लगाने की कोशिश कर ही रही थी कि पुलिसकर्मियों ने उसे पकड़ लिया। मकान की तलाशी के दौरान बल्लम, गड़ासा, चाकू, तलवार, तमंचा और कारतूस आदि बरामद हुए हैं।
एसपी अरविंद सेन ने बताया कि मंगलवार की भोर में भूमि विवाद में एक व्यक्ति ने अपने विपक्षी पर गोली चला दी। गोली दूसरे को लगी है जबकि तीन लोग छर्रे से घायल हुए हैं। इस मामले में दो लोगों को गिरफ्तार किया गया है। अन्य आरोपियों को गिरफ्तारी के लिए दबिश दी जा रही है। पुलिस पर हमले के मामले में भी कार्रवाई की जाएगी।