मिर्जापुर। सिद्घपीठ विंध्यधाम में मुंडन का विशेष महत्व होने के कारण देश के कोने कोने से दर्शनार्थियों के आगमन के चलते शुक्रवार की सुबह से दद्धी लुबिंनी मार्ग पर जाम लग गया। जिससे देर रात तक दर्शनार्थियों सहित मिर्जापुर आने वाले हजारों वाहन जाम में फंसे रहे। केंद्रीय मंत्री अनुप्रिया पटेल का काफिला भी जाम में घंटों फंसा रहा। जाम के चलते मिर्जापुर से औराई, इलाहाबाद, सोनभद्र, रीवा मार्ग, विंध्याचल इमामबाड़ा मार्ग पर दस घंटे तक आवागमन ठप रहा। दोपहर तीन बजे परीक्षा देने जा रहे छात्रों ने जाम में फंसने का आक्रोश बसों का शीशा तोड़कर उतारा और हंगामा किया। चौकी प्रभारी गैपुरा ने हंगामा कर रहे दर्जन भर छात्रों को पकड़कर चौकी में बैठा लिया। बाद में परीक्षा का हवाला देने पर उन्हें छोड़ दिया। ज्यादा उपद्रव करने वाले राहुल सोनी हड़हा सराय थाना चौक वाराणसी को समाचार लिखे जाने तक बैठाया गया था। सभी छात्र एनआईयूएस की परीक्षा देने वाराणसी से मेजा जा रहे थे।
बैशाख मास की शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि को मुंडन एवं यज्ञोपवीत संस्कार का प्रमुख मुहूर्त तथा लगन होने के कारण विंध्यधाम में शुक्रवार की भोर से दर्शनार्थियों के आने का सिलसिला शुरू हो गया। वाराणसी मिर्जापुर मार्ग पर भीड़ इतनी बढ़ गई है कि शास्त्री सेतु से औराई तक सुबह ही जाम लग गया। जाम लगने के कारण इलाहाबाद मध्य प्रदेश, सोनभद्र से आने वाले वाहन वाराणसी की ओर नहीं जा पा रहे थे। वाराणसी और गोपीगंज से आने वाले वाहन भी मिर्जापुर में प्रवेश नहीं कर पा रहे थे। भीषण जाम के आगे पुलिस भी बेबस दिखी। जाम में फंसे हजारों वाहनों में सवार दशनार्थी, बच्चे, बुढ़े, एक एक बूंद पानी के लिए तरस गए। जनकी बारात जानी थी वह शाम की बजाय भोर में पहुंचे। हालत इतनी नाजुक थी कि अगर शहर में कोई बड़ा हादसा हो जाता तो किसी भी कीमत पर मरीजों को वाराणसी नहीं भेजा जा सकता था। मिर्जापुर के जाम का असर मिर्जापुर चुनार रोड पर देखने को मिला। बहुत से वाहन जो मिर्जापुर पहुंच चुके थे और जिन्हें वाराणसी जाना था उन्हें भरुहना होते हुए वाया चुनार वाराणसी भेजा गया। जाम के कारण दिन भर स्कूली बच्चे फंसे रहे। लगन के कारण शादी कर लौट रहे दूल्हा-दुल्हन जाम में फंस गए। जाम कल शाम से ही शुरू हो चुका था। सुबह वाहनों की संख्या बढ़ने के कारण विंध्याचल धाम जाम की चपेट में आ गया।
शास्त्री सेतु से लेकर औराई तक बथुआ से लेकर अष्टभुजा तक नटवा चौकी से लेकर के शीतला मंदिर तक और विंध्याचल कंतित अष्टभुजा तक दोनों तरफ वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। जाम के चलते लोग गाड़ी में फंसे रहे। छोटे बच्चे दूध के लिए व्याकुल दिखे। शुक्रवार को भोर से ही लगा जाम देर शाम तक समाप्त नहीं हो पाया था।
मिर्जापुर औराई मार्ग पर लगे जाम से छह एंबुलेंस मरीजों को लेकर फंसे रहे। इन एंबुलेंस में सभी मरीज गंभीर स्थिति में वाराणसी रेफर किए गए थे। पुलिस प्रशासन को इतनी भारी संख्या में विंध्याचल धाम में भी होने वाली भीड का अनुमान नहीं था। जिसके चलते कोई व्यवस्था नहीं की गई थी। सुबह में भीड़ को आते देख कर के बरतर तिराहा पर और रेहड़ा चुगी के पास बैरिकेटिंग कर चार पहिया वाहनों को रोकने का प्रयास किया जा रहा था लेकिन तब तक जाम अपना विकराल रुप धारण कर चुका था।