मिर्जापुर। पहाड़ी विकास खंड के अकसौली में नव निर्मित पूर्व माध्यमिक विद्यालय की दिवाल गिर गई। छत ढलने से पहले भरभराकर दिवाल गिरने से भवन की गुणवत्ता पर सवाल खड़ा करते हुए ग्रामीणों ने रोष व्यक्त किया।
ज्ञात हो कि गांव के बीच स्थित काफी पहले से बना पूर्व माध्यमिक विद्याल अकसौली का भवन जर्जर हो गया था। बच्चे स्कूल के बाहर मंदिर के चबूतरे अथवा पेड़ की छाया में पढ़ रहे थे। खबर को प्रमुखता से लेते हुए अमर उजाला में इस खबर को प्रकाशित किया गया था। उस दौरान अधिकारियों ने खबर को संज्ञान में लेते हुए बच्चों को गांव से सटे प्राथमिक विद्यालय अकसौली के लिए स्थानांतरित कर दिया गया। वहां के एक अतिरिक्त कक्ष में पूर्व माध्यमिक विद्यालय के कक्षा एक से आठ तक के 125 बच्चों की पढ़ाई शुरु करा दी गई। उधर जर्जर विद्यालय के स्थान पर चार कमरे, एक बरामदा, एक प्रध्यानाध्यापक कक्ष का निर्माण शुरु करा दिया गया। भवन की दिवार छत स्तर पर लगभग तैयार हो गई थी कि सोमवार की सुबह भवन का दक्षिणी हिस्सा अचानक भरभराकर गिर पड़ा। जिसे देखते काफी संख्या में ग्रामीण भवन के पास पहुंच कर न सिर्फ रोष जताया बल्कि भवन के गुणवत्ता पर प्रश्न चिन्ह खड़ा किया। ग्रामीणों का आरोप है कि विद्यालय भवन के निर्माण में घटिया सीमेंट, बालू आदि का प्रयोग किया गया है। ग्राम प्रधान प्रतिनिधि जोगेश तिवारी का कहना है कि भवन गिरने की सूचना सोमवार को सुबह नौ बजे बेसिक शिक्षाधिकारी को दे दी गई। लेकिन एक बजे तक न तो कोई अधीनस्थ ही मौके पर पहुंचा और न हीं कोई जिम्मेदार व्यक्ति ही मौके पर नजर आया। जिससे ग्रामीणों में रोष व्याप्त है।