शेरवां। देवकली इंटर कॉलेज जमालपुर में विधिक साक्षरता क्लब के तत्वावधान में गुरुवार को मानवाधिकार कानून विषयक संगोष्ठी का आयोजन किया गया। संगोष्ठी में कॉलेज के छात्र छात्रओं को मानवाधिकार के बारे में विस्तार से बताया गया। संगोष्ठी को संबोधित करते हुए विद्यालय के प्राचार्य डा. राजकुमार ने कहा कि 1993 में राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग की स्थापना की गई। उन्होंने मौलिक अधिकार व स्वतंत्रता, गरिमापूर्ण जीवन स्वतंत्रता, समानता, शिक्षा, धार्मिक स्वतंत्रता के बारे जानकारी दी। बच्चों का अवैध व्यापार, यौन हिंसा, भ्रूण हत्या, शारीरिक शोषण, मजदूरी बालश्रम जैसे ब्यवस्था की रोकथाम के लिए कानून बनाए गए हैं। जागरुकता के चलते घरेलू हिंसा, शोषण के खिलाफ आवाज उठाने पर दोषी को उम्र कैद की सजा हो सकती है। बच्चों को अपने मानवाधिकार को समझना पड़ेगा। इस अवसर पर अध्यक्षता प्रधानाचार्य रामनिरंजन सिंह ने की। इस अवसर पर गिरीश सिंह, चन्द्रमनी यादव, मदन तिवारी मंगल उपाध्याय, सुधाकर श्रीवास्तव, नीटू सिंह, संतोष सिंह, राजेश भारतीय, नरसिंह सिंह, आदि उपस्थित थे। संचालन रामराज यादव ने किया।