जिगना। विंध्याचल थाना क्षेत्र के देवरी गाव निवासी प्रेम शंकर दूबे की बुधवार को गला काट कर हत्या किया जाने पर कई तरह की चर्चा व्याप्त है। कहा जा रहा है कि कही पैसे के लेनदेन में तो उनकी हत्या नहीं कर दी गई। मंगलवार की शाम विन्ध्याचल अमरावती चौराहा पर जिस लकड़ी की दुकान पर देखे गए थे और बाइक उसके रिश्तेदारी के करीब मिलने पर भी लोग आशंका जता रहे हैं। हत्या के बाद शव को प्रयागराज मिर्जापुर मार्ग गौरीशंकर अमवा खोह के समीप सड़क किनारे झाड़ी में अपराधियों ने फेंक दिया था। जिसे बुधवार को दोपहर बाद चरवाहों ने देखा था। गुरूवार को भी घटना स्थल पर परिजनो के साथ पुलिस ने जांच पडताल की लेकिन पुलिस के हाथ कुछ भी नहीं लगा। मृतक के पुत्र संजय दूबे ने बताया कि मृतक प्रेम शंकर दूबे की आदत थी कि फोन जाने पर तुरंत फोन काट कर काल बैक करते थे पर मंगलवार को ऐसा नहीं हुआ। दोबारा फोन करने पर पहुंच के बाहर और स्विच आप बताने लगा। मंगलवार की रात नौ बजे विंध्याचल थाने में जाकर मामले की जानकारी दी थी लेकिन पुलिस ने गंभीरता से नहीं लिया। मृतक सूद ब्याज का भी कारोबार करते थे। आशंका यह भी है की लेन देन का मामला भी हो सकता है । हत्या में प्रयुक्त लकडी जो किसी आरा मशीन की थी जिसमें खून लगा था। पुलिस जांच के लिए साथ ले गयी है और वही पर एक जोड़ी चप्पल भी मिला था। जिसके बारे में चर्चा है कि चप्पल अपराधी का हो सकता है।