इसके बाद आशीष मलिक निवासी अजंता काॅलोनी, मोहित ठाकुर निवासी सोमदत्त विहार, अवि शर्मा निवासी जेल चुंगी और तीन अज्ञात ने उनके बेटे के साथ मारपीट शुरू कर दी। वे सभी शराब के नशे में थे।
उन्होंने छात्र को लाठी-डंडो से बेरहमी से पीटा। उसके गले में बेल्ट डालकर मारा। मुंह में पिस्टल ठूंस दी। वे उसे जागृति विहार में सुनसान इलाके में ले गए। जान से मारने की धमकी दी। उसके मुंह पर पेशाब कर दिया। पूरी घटना का वीडियो बना लिया। उसे अधमरी हालत में छोड़कर चले गए।
14 नवंबर की सुबह नौ बजे बदहवास बेटा घर पहुंचा तो उसने मारपीट की जानकारी दी। जिसके बाद उन्होंने मेडिकल थाने में तहरीर दी जिस पर पुलिस ने 16 नवंबर को आरोपियों के खिलाफ बलवा, गाली-गलौज, जान से मारने की धमकी और मारपीट की धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कर ली।
वीडियो वायरल हुई तो चला घृणित घटना का पता
छात्र के पिता ने बताया कि बेटे ने 14 नवंबर को पेशाब करने के बारे में नहीं बताया था। 19 नवंबर को उन्हें वीडियो के बारे में पता चला तो पेशाब किए जाने की जानकारी हुई। उन्होंने मेडिकल थाने में जानकारी दी। पुलिस ने मुकदमे में आईपीसी की धारा 294 बढ़ा दी।
एसपी सिटी पीयूष कुमार सिंह ने बताया कि मुख्य आरोपी आशीष मलिक को रविवार को गिरफ्तार कर लिया गया। दूसरे फरार आरोपी अवि शर्मा, राजन, मोहित ठाकुर और अन्य युवकों की तलाश में पुलिस दबिश दे रही है। जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।