मेरठ। सिविल लाइन क्षेत्र के सूरजकुंड फिलिंग प्वाइंट पेट्रोल पंप पर बुधवार को हंगामा हो गया। यहां जांच करने पहुंची आपूर्ति विभाग की टीम पर हमला कर दिया गया। क्षेत्रीय खाद्य अधिकारी पंकज कुमार घायल हो गए। उनका अस्पताल में उपचार कराया गया। टीम में शामिल अन्य अधिकारियों ने भी मारपीट करने का आरोप लगाया है। बाद में दोनों पक्ष सिविल लाइन थाने पहुंचे और तहरीर दी। सिविल लाइन पुलिस ने आपूर्ति विभाग की तहरीर पर पेट्रोल पंप मैनेजर और पंप संचालक के बेटे और आठ अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। वहीं पेट्रोल पंप मालिक ने भी उनके बेटों के साथ मारपीट और ब्लैकमेल करने का आरोप लगाते हुए तहरीर दी है।
संयुक्त व्यापार संघ नवीन गुप्ता गुट के महामंत्री संजय जैन का सूरजकुंड फिलिंग प्वाइंट के नाम से पेट्रोल पंप है। आपूर्ति विभाग को कुछ दिन पहले सूचना मिली कि सूरजकुंड स्थित एक पेट्रोल पंप पर अवैध तरीके से पेट्रोल-डीजल बेचा जा रहा है। इसके लिए ब्राउजर (छोटा टैंकर) का प्रयोग किया जा रहा है। इस पर टीम ने निगरानी शुरु कर दी। बुधवार सुबह सूचना मिली कि ब्राउजर पेट्रोल पंप पर खड़ा है। एआरओ जोगेंद्र सिंह, पशुपति देव, सुनील कुमार, क्षेत्रीय पूर्ति अधिकारी पंकज कुमार के अलावा पूर्ति निरीक्षक तारावती की टीम पहुंची।
इसी दौरान कुछ लोग वीडियो बनाने लगे। पंप के मैनेजर संजय सैनी से ब्राउजर के कागजात मांगे गए तो वह दिखा नहीं पाए। इसके बाद एआरओ जोगेंद्र सिंह ने वहीं बैठकर रिपोर्ट तैयार करनी शुरु कर दी। अचानक शोर सुनकर वह बाहर आए। उन्होंने देखा कि क्षेत्रीय खाद्य अधिकारी पंकज कुमार के साथ कुछ लोग मारपीट कर रहे हैं। उन पर नुकीले हथियार से वार किया गया। उन्होंने हस्तक्षेप किया तो उनसे भी अभद्रता की गई। करीब 10 से 15 लोग एकत्र हो गए। उन्होंने टीम को घेर लिया। जिला आपूर्ति अधिकारी को सूचना दी गई, जिसके बाद आनन फानन में काफी कर्मचारी वहां आ गए। इस दौरान ब्राउजर सील करने के लिए कहा गया तो गहमागहमी हो गई। बाद में पंप को सील करने की चेतावनी दी गई। हंगामा बढ़ने पर सिविल लाइन पुलिस भी पहुंच गई। पुलिस दोनों पक्षों को लेकर थाने आ गई। वहीं, पंप मालिक संजय जैन ने आरोप लगाया कि उनके और बेटे के साथ रॉड से मारपीट की गई है।
सीओ सिविल लाइन अरविंद चौरसिया ने बताया कि पूर्ति निरीक्षक तारावती की तहरीर पर पंप मैनेजर संजय सैनी, कुलदीप शर्मा, प्रशांत जैन, संजय जैन के बेटे और आठ अज्ञात लोगों के खिलाफ आईपीसी की धारा 147, 148, 149, 332, 353, 186, 504 में मुकदमा दर्ज कर लिया है।
रॉड से हमला करने का आरोप लगाया
पंकज कुमार ने बताया कि टीम से अभद्रता होते ही वह वीडियो बनाने लगे। तभी उन पर हमला किया गया। आरोप है कि यह हमला पंप के मालिक, मैनेजर ने अपने कर्मचारियों के साथ मिलकर किया। टीम को भागकर अपनी जान बचानी पड़ी।
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पंप से डीवीआर गायब
थाने पहुंची आपूर्ति विभाग की टीम ने पंप के सीसीटीवी फुटेज जुटाने के लिए कहा तो पता चला कि कैमरे बंद हैं। आरोप है कि घटना छिपाने के लिए डीवीआर भी गायब की गई।
एनसीआर में हो रही टैंकरों से हो अवैध सप्लाई
जिलापूर्ति अधिकारी विनय कुमार सिंह ने बताया कि दिल्ली-एनसीआर समेत मेरठ में भी करीब 150 टैंकरों से अवैध रूप से पेट्रोल-डीजल की सप्लाई हो रही है। इसमें पांच पंजीकृत टैंकर हैं। इनकी सूची मिली है। नोएडा में हाल ही में छह एफआईआर दर्ज हुई हैं। बड़े पैमाने पर लोगों के साथ धोखाधड़ी की जा रही है। इसके चलते जांच और कार्रवाई की जा रही है।
विभाग पर ब्लैकमेल करने का आरोप लगाया
- पुलिस जब दोनों पक्षों को लेकर थाने पहुंची तो कुछ ही देर में संयुक्त व्यापार संघ के अध्यक्ष नवीन गुप्ता भी आ गए। महामंत्री संजय जैन पहले से मौजूद थे। उन्होंने इंस्पेक्टर क्राइम कुलदीप सिंह से बात की और टीम पर ब्लैकमेल करने का आरोप लगाया। बाद में तहरीर देकर लौट गए।
वर्जन
पेट्रोल पंप पर टीम ने मालिक और उनके बेटों के साथ मारपीट की। सिविल लाइन थाने में तहरीर दी गई है। पुलिस को केस दर्ज करने के साथ ही कड़ी कार्रवाई करनी चाहिए। - नवीन गुप्ता, अध्यक्ष, संयुक्त व्यापार संघ
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पूर्ति विभाग की तहरीर पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। प्रकरण की जांच की जा रही है। जांच के आधार पर कार्रवाई की जाएगी। सीसीटीवी फुटेज मांगी तो उसकी डीवीआर नहीं मिली, इससे पेट्रोल पंप संचालक की गलती नजर आ रही है। - अरविंद चौरसिया, सीओ सिविल लाइन
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पंप मैनेजर ने लिखित में स्वीकार किया है कि पंप पर अनियमितता बरती जा रही थी। पंप मालिक ने आते ही टीम से अभद्रता और मारपीट की। मोबाइल छीन लिया। इस दौरान टीम के सदस्य घायल हो गए। टीम की शिकायत पर मुकदमा दर्ज हो गया है। किसी भी पेट्रोल पंप पर गलत गतिविधियां नहीं होने दी जाएंगी। - विनय कुमार सिंह, जिला आपूर्ति अधिकारी
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प्रताड़ित करने की भावना से आपूर्ति विभाग की टीम आई थी। 15 दिन पहले भी सरकारी टीम ने आकर जांच की थी तो सब ठीक मिला था। दो दिन पहले पूर्ति निरीक्षक भी आई थीं, उनको भी सब सही मिला। इसके बावजूद प्रताड़ित करने की नीयत से हमारे खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। आरोप है कि उनसे 50 हजार रुपये की मांग की गई थी, हमने देने से इन्कार कर दिया। ऐसे तो व्यापार करना मुश्किल हो जाएगा। टीम ने मेरे बेटों के साथ मारपीट की है। मैं बचाव में आया तो मेरे भी हाथ में चोट लगी। पेट्रोल पंप सील करने की धमकी भी हमें दी गई। - संजय जैन, पेट्रोल पंप स्वामी