मेरठ। भावनपुर क्षेत्र के मानपुर गांव में हुए सुमित उर्फ रिंकू की एलानिया हत्याकांड में आरोपी मोहित के साथ पुलिस और स्वाट टीम की बृहस्पतिवार को मुठभेड़ हो गई। पैर में गोली लगने से मोहित घायल हो गया। वह नामजद आरोपियों में नहीं था। पुलिस की जांच में उसका नाम सामने आया। हत्या के दौरान सुमित ने सिर में कैंची मारकर उसे घायल कर दिया था।
मानपुर गांव निवासी सुमित गांव के ही ईश्वर के घर में लोवर बनाने का काम सीखता था। एक अक्तूबर को अपराह्न तीन बजे बाइक पर आए हमलावरों ने गोली बरसाकर उसकी हत्या कर दी थी। मौत की तस्दीक करने के बाद आरोपी सीसीटीवी कैमरों की डीवीआर लेकर फरार हो गए थे। सुमित के पिता ने गांव निवासी तीन भाई रवि लक्कड़, मंगल, बीर सिंह के साथ गौरव और जोनी खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। बाद सीसीटीवी कैमरों की फुटेज से पहचान कर सुमित के परिजनों ने अमित कुमार का नाम पुलिस को बताया था। पुलिस ने उसका नाम भी मुकदमे में शामिल कर लिया था।
तीन अक्तूबर को पुलिस ने आरोपी गौरव को गिरफ्तार किया था जबकि सात अक्तूबर को जोनी को गिरफ्तार किया गया। वहीं, आरोपी रवि लक्कड़ ने मंगलवार को कोर्ट में आत्मसमर्पण कर दिया था। बुधवार को पुलिस ने आरोपी अमित को भी गिरफ्तार किया था। इसके बाद पुलिस की जांच में सिसौली निवासी मोहित कुमार का नाम सामने आया।
बृहस्पतिवार को भावनपुर पुलिस मानपुर गांव के चौराहे पर चेकिंग कर रही थी। तभी बिना नंबर की बाइक पर आ रहे युवक को रुकने का इशारा किया तो वह भागने लगा। घेराबंदी के दौरान पुलिस की फायरिंग में पैर में गोली लगने से वह घायल हो गया। युवक की पहचान मोहित के रूप में हुई। उसके पास से एक तमंचा, दो कारतूस और बिना नंबर की बाइक बरामद की गई।
मोहित को अस्पताल में भर्ती कराया गया। सीओ सदर देहात नवीना शुक्ला ने बताया कि उपचार के बाद मोहित को कोर्ट में पेश किया जाएगा। मामले में फरार मंगल और बीर सिंह की तलाश की जा रही है। वहीं, अमित की निशानदेही पर भी पुलिस ने मेदपुर मार्ग पर कब्रिस्तान के पास से तमंचा बरामद किया। इसके बाद उसे कोर्ट में पेश किया गया। जहां से उसे जेल भेज दिया गया।