मेरठ। शास्त्रीनगर के सेंट्रल मार्केट में तमाम दुकानें ने बंद कर दी गर्ठ हैं। दुकानों के शटर हटाकर खिड़की, दरवाजे लगाने के साथ ही दीवार बना दी गई है। वास्तुविद नियोजक की ओर से पहले फेज में 80 व्यापारियों को पत्र जारी कर भू-उपयोग बदलने के लिए शमन शुल्क जमा करने के आदेश दिए गए। आधा दर्जन व्यापारी आवेदन कर दो करोड़ से अधिक शुल्क जमा कर चुके हैं। वहीं भू-उपयोग परिवर्तन के खिलाफ आरटीआई कार्यकर्ता लोकेश खुराना ने आईजीआरएस पर शिकायत के बाद अब सुप्रीम कोर्ट में दरख्वास्त लगाई है। खुराना ने आरोप लगाया कि आवास एवं विकास परिषद सर्वोच्च न्यायालय के आदेश का पालन नहीं कर रहा। उनका कहना है कि आवासीय भवनों में व्यावसायिक गतिविधियों को सही ठहराकर भू-उपयोग परिवर्तन संभव नहीं है। सोमवार को सुप्रीम कोर्ट में अपील दायर की गई है। इस मामले की सुनवाई 1 अप्रैल को होने की संभावना है।