विपक्षी ने तीन दिन के अंदर कुरियर को पहुंचाने का आश्वासन दिया था, परंतु काफी समय बीतने के बाद भी कूरियर नहीं पहुंचा। इसके बाद परिवादी ने विपक्षी को नोटिस के माध्यम से कूरियर की जानकारी मांगी तो विपक्षी ने नोटिस का भी कोई उत्तर नहीं दिया।
आयोग को समस्त दस्तावेज साक्ष्य पेश किए
परिवादी ने कंपनी से परेशान होकर जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग में वाद योजित किया। आयोग को समस्त दस्तावेज साक्ष्य पेश किए गए। आयोग ने माना कि कूरियर कंपनी ने सेवाओं में कमी की है। ऐसे में आयोग के अध्यक्ष भोपाल सिंह, सदस्य पंकज कुमार शर्मा व करुणा जैन ने ट्रेकान कुरियर कंपनी पर 35 हजार रुपये का जुर्माना लगाने के आदेश पारित किए हैं।