2024 पेरिस ओलंपिक में गोल्ड जीतना अगला लक्ष्य : मीराबाई चानू
योगेश गुप्ता
मोदीनगर। टोक्यो ओलंपिक में रजत पदक विजेता पद्मश्री मीराबाई चानू का अगला लक्ष्य 2024 में पेरिस ओलंपिक में गोल्ड मेडल जीतने का है। देश के लिए पदक जीतने के सपने को साकार करने के लिए वेट लिफ्टर मीराबाई चानू दिनरात मेहनत कर रही हैं। टोक्यो ओलंपिक में पदक जीतने के बाद देश में महिला वेटलिफ्टिंग को एक नई पहचान मिली है।
उन्होंने कहा कि राष्ट्रमंडल और ओलंपिक खेलों में लगातार पदक आने के बाद कुश्ती और कबड्डी की तरह ही वेटलिफ्टिंग में महिलाओं के लिए तमाम अवसर खुले हैं। दिल्ली-मेरठ मार्ग पर सीकरी कला गांव स्थित आरएन रिसोर्ट में चल रही खेलो इंडिया महिला वेटलिफ्टिंग लीग में मीराबाई चानू कलाई में खिंचाव की वजह से नहीं खेल पाईं।
उन्होंने कहा कि उनका पूरा फोकस अगले माह होने वाली विश्व चैंपियनशिप पर है। ऐसे में वह कोई जोखिम नहीं लेना चाहती हैं। रियो ओलंपिक के प्रदर्शन के बारे में उन्होंने कहा कि असफलता से कभी निराश नहीं होना चाहिए, अगर आप पूरी लगन से प्रयास करेंगे तो सफलता अवश्य मिलेगी।
सामने आईं आर्थिक चुनौतियां, नहीं मानी हार
अतीत को याद करते हुए मीराबाई चानू ने बताया कि परिवार की आर्थिक स्थिति अच्छी नहीं होने के कारण वह लकड़ी बीनती थीं। अपने बड़े भाई से ज्यादा वजनी गठ्ठा आसानी से उठा लेती थी। गरीबी के दौर का यह अभ्यास मेरे लिए ताकत बना। युवाओं में प्रतिभा है तो वह बिना संकोच किए अपने हुनर को आगे बढ़ाएं। उन्होंने कहा कि विविधताओं से भरे भारत में असंख्य प्रतिभाएं है, खासकर गांवों में प्रतिभाओं का खजाना है। कोच की तारीफ करते हुए कहा कि द्रोणचार्य अवार्डी विजय शर्मा बहुत योग्य कोच है। उनके मार्गदर्शन में ही कामयाबी की सीढ़ियां चढ़ी हैं।