मेरठ। हाईकोर्ट के आदेश के बाद भी आवास एवं विकास परिषद के अफसरों को आवंटियों को कब्जा दिलाने में पसीने छूट गए हैं। उन्होंने किसानों को समझाने का काफी प्रयास किया लेकिन किसानों ने दो टूक कह दिया है कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होंगी, तब तक किसी कीमत पर आवंटियों को कब्जा नहीं देंगे। किसानों ने डीएम से मिलकर कहा कि जबरदस्ती की गई तो सड़क पर उतरकर आंदोलन को मजबूर होंगे।
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382 आवंटियों को दिया कब्जा
बढ़े हुए प्रतिकर की मांग को लेकर किसानों का जागृति विहार एक्सटेंशन में 13 जुलाई 2021 से धरना जारी है। जिला प्रशासन और अफसरों के साथ ही जन प्रतिनिधियों के पास तक मामले पहुंचे लेकिन निस्तारण नहीं हुआ। 22 फरवरी को जिला प्रशासन और आवास विकास अधिकारियों ने जैसे-तैसे किसानों को समझाया। इस पर वे सेक्टर-5 में 382 आवंटियों और सेक्टर-2 में प्रधानमंत्री आवास के आवंटियों को कब्जा देने पर रजामंद हो गए लेकिन अन्य को कब्जा मांगें पूरी होने ही देने पर अड़ गए हैं। एक्सटेंशन में काफी संख्या में फ्लैट, प्लॉट व मकानों पर कब्जा पाने के लिए आवंटी परेशान हैं।
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19 तक दिलाना है कब्जा
इस मामले में अंजु शर्मा और सात अन्य की ओर से हाइकोर्ट में वाद दायर किया गया। हाईकोर्ट ने आवास विकास एवं परिषद को सभी आठ आवंटियों को 19 अप्रैल तक कब्जा देने के निर्देश दिए। अफसर किसानों को मनाने में जुटे हैं। अधीक्षण अभियंता राजीव कुमार ने बताया कि किसानों को समझाने का प्रयास किया जा रहा है। हाइकोर्ट के आदेश के अनुपालन को लेकर जिला प्रशासन को भी अवगत कराया गया है। उधर, दूसरी ओर किसान डीएम से मिले और कहा कि समझौते के अनुरूप आवास विकास अफसर मनमानी कर रहे हैं। इस दौरान अर्जित भूमि किसान संगठन के महामंत्री भरत भड़ाना, संदीप भड़ाना, बाबा हुकुम सिंह आदि मौजूद रहे।
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650 करोड़ के अटके काम
700 एकड़ में फैली शहर की सबसे बड़ी विकास योजना जागृति विहार एक्सटेंशन योजना में किसानों के विरोध के चलने 600 करोड़ के विकास कार्य अटक गए हैं। काजीपुर और सरायकाजी के किसान 13 जुलाई 2021 से बढ़े हुए प्रतिकर की मांग को लेकर धरने पर बैठे हैं, इसमें 2304 फ्लैट और 400 मकान बने हुए हैं।
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ये हैं मांग
-6 प्रतिशत अधिग्रहित भू-भाग के बराबर विकसित भूखंड मिले।
-660 रुपये प्रति वर्ग मीटर की दर से अतिरिक्त प्रतिकर दिया जाए।
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ये है दिक्कत
वर्ष 2009 में परिषद ने किसानों से समझौता किया था, इसमें किसानों को अधिग्रहीत भूमि का 5 प्रतिशत भाग भूखंड के रूप में दिया जाना था। मामले में अफसरों ने शासन को प्रस्ताव भेजा है लेकिन मामला अटका हुआ है।
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एक नजर में योजना
जागृति विहार एक्सटेंशन में 1130 एकड़ में धारा 28 का अनुपालन हुआ।
-नियोजन भूमि : 658 एकड़
-कब्जा प्राप्त भूमि : 266 हेक्टेयर
-करार की गई भूमि : 169 हेक्टेयर
-ग्राम प्रधान व नजूल की भूमि - 8.5 हेक्टेयर
-37 हेक्टेयर में करार बाकी
-50 पर कोर्ट केस