हाईवे पर शनिवार देर रात चार से अधिक लोगों ने हफ्ता वसूली के लिए एक किन्नर को लाठी डंडों से दौड़ा दौड़ा कर पीटा। लोगों की सूचना पर पहुंची पुलिस ने घटना की जानकारी ली। पुलिस ने किन्नर को उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया।
मध्यप्रदेश की निवासी किन्नर कोमल को कुछ माह पहले पल्हैड़ा निवासी एक युवक लेकर आया था। किन्नर सिवाया टोल प्लाजा पर वाहन चालकों से नेग लेकर दुआएं देती थी। युवक किन्नर से 500 रुपये सप्ताह में लेता था। किन्नर कोमल इसके बाद पल्हैड़ा निवासी शाहजहां के मकान में रहने लगी। कोमल के चले जाने के बाद युवक दूसरे किन्नर को घर ले आया और उसे सिवाया टोल प्लाजा पर नेग लेने के लिए छोड़ दिया।
शनिवार को शाहजहां का पति इकरामुद्दीन किन्नर कोमल को सिवाया टोल प्लाजा से लेकर वापस आ रहा था। रास्ते में कोमल के पुराने मकान मालिक ने अपने साथियों के साथ उन्हें रोक लिया। उसने अर्धनारी से कहा कि वह टोल से नेग नहीं वसूलेगी, यदि नेग लिया तो उसे हफ्ता देना पड़ेगा। किन्नर ने विरोध किया तो युवक ने अपने साथियों के साथ मिलकर लाठी डंडों से किन्नर के साथ मारपीट शुरू कर दी। जान बचाकर किन्नर हाईवे पर दौड़ी।
लेकिन, आरोपी किन्नर को हाईवे पर दौड़ा-दौड़ा कर पीटते रहे। कोमल का शोर सुनकर मौके पर भीड़ एकत्रित हो गई। लोगों ने पुलिस को सूचना दी। पुलिस के पहुंचने से पहले ही आरोपी मौके से भाग निकले। पुलिस ने कोमल को अस्पताल में उपचार के लिए भर्ती कराया। कोमल ने आरोपियों को नामजद करते हुए तहरीर दी। थाना प्रभारी राजेश कांबोज ने बताया कि तहरीर मिल गई है। आरोपियों की तलाश की जा रही है।
वसूली का चलाया जा रहा रैकेट
किन्नर को घरों में रखकर टोल, बस अड्डे, रेलवे स्टेशन, भीड़ वाले इलाकों में नेग के नाम पर वसूली कराई जा रही है। शनिवार को मारपीट के बाद नेग लेने वाली अर्धनारियों से हफ्ता वसूली का मामला प्रकाश में आया। जिले में जगह जगह किन्नर नेग ले रहे हैं। पुलिस यदि, गंभीरता से जांच करें तो रैकेट का भंडाफोड़ हो जाएगा। मारपीट के बाद पल्हैड़ा के दो परिवारों के नाम प्रकाश में आए, जो किन्नरों को दूसरे प्रदेश से लाते हैं और टोल पर नेग इकट्ठा करने के लिए छोड़ देते हैं। हफ्ते में यह लोग 500 रुपये किन्नरो से लेते हैं।