मेरठ-पौड़ी हाईवे पर जानलेवा गड्ढे, हादसे का शिकार हो रहे लोग
बहसूमा। मेरठ-पौड़ी राजमार्ग एनएच 119 पर स्थित पेट्रोल पंप से रामराज पुलिस चौकी तक 900 मीटर दूरी में सड़क में गड्ढे बन गए हैं। इसके कारण आए दिन लोग हादसे का शिकार हो रहे हैं। सड़क के यह गड्ढे अफसरों को छोड़ यहां से गुजरने वाले हर शख्स को दिखाई दे रहे हैं।
प्रशासन की लापरवाही इसी से साफ झलकती है कि हाईवे होने के बावजूद बीते चार वर्षों से इस मार्ग के गड्ढों को भरने का स्थायी समाधान नहीं खोजा गया है। छह माह पूर्व अमर उजाला ने इस समस्या को प्रकाशित किया तो इस पर तत्कालीन कमिश्नर सुरेंद्र सिंह के आदेश पर गड्ढों को दो दिन में ही भर दिया गया था, लेकिन उसके बाद फिर इसकी हालत बदतर हो गई है।
एनएच 119 पर रोजाना सैकड़ों वाहन गुजरते हैं। एक सप्ताह पूर्व हुई भारी बारिश से इस मार्ग पर जलभराव के कारण बड़े-बड़े गड्ढे बन गए हैं। यहां से गुजरने वाला हर शख्स मार्ग पर बने गड्ढों को देखकर सरकार को कोसता हुआ आगे बढ़ जाता है। शायद प्रशासन को यह गड्ढे नहीं दिखाई देते हैं।
औपचारिकता होती है पूरी
रामराज निवासी व्यापारी अमित बंसल का कहना है कि बीते कई सालों से हादसे के बाद उक्त मार्ग की मरम्मत की औपचारिकता पूरी की जाती है। हादसे के बाद जिम्मेदार अधिकारों की नींद खुलती है, लेकिन फिर से सड़क का वहीं पुराना हाल हो जाता है।
रोजाना हो रहे हैं चोटिल
रामराज निवासी अधिवक्ता श्याम लाल का कहना है कि सड़क में बने गड्ढों में रोजाना हादसे हो रहे हैं। लेकिन इस ओर अधिकारी ध्यान नहीं दे रहे हैं। शायद किसी बड़े हादसे के इंतजार के बाद उनकी नींद टूटे।
सड़क के गड्ढों से अधिकारी अनजान
रामराज निवासी राजीव छाबड़ा का कहना है किमुख्य मार्ग पर बने गड्ढों से अधिकारी गड्ढों से अनजान बने हैं। गन्ने की पेराई का सत्र शुरू होने वाला है। किसानों के गन्ने से लदे वाहनों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ेगा।
रामराज निवासी सुदर्शन पाहवा का कहना है कि मुख्य मार्ग पर बने गड्ढों में आए दिन दुपहिया वाहन चालक चोटिल हो रहे हैं। जिम्मेदार अफसरों को समय-समय पर गड्ढों को भरवाना चाहिए। इसका स्थाई समाधान भी करना चाहिए।
एनएचएआई के अभियंता आयुष चौधरी का कहना है कि हाईवे में बने गड्ढों के संबंध में लोगों की शिकायत मिली है। जल्दी कार्य योजना तैयार कर सड़क की मरम्मत कराई जाएगी।