कृषि विश्वविद्यालय के छात्र का शव हॉस्टल के कमरे में लटका मिलने से हड़कंप मच गया। बीटेक प्रथम वर्ष के इस छात्र का अपने सहपाठी के मोबाइल फोन में सुसाइड नोट रिकॉर्ड किया मिला है। इसमें छात्र ने खुद ड्रग्स और स्मैक की लत का शिकार होने के अलावा अपने ऊपर केस लगने से कॅरियर खराब होने का हवाला दिया है। साथ ही अपने पिता से माफी मांगते हुए मौत के लिए खुद को जिम्मेदार ठहराया है। हालांकि, छात्र के मुंह में कपड़ा ठुंसा मिलने से मामला संदिग्ध माना जा रहा है। लेकिन, पुलिस ने इसे आत्महत्या बताया है।
पुलिस के अनुसार मूल रूप से पटना (बिहार) थाना खाजकला अंतर्गत जयकृष्ण रोड गुराठा निवासी कुमार नयन अवस्थी (21) पुत्र मनीष कुमार अवस्थी कृषि विवि के बायोटेक कॉलेज मेें बीटेक प्रथम वर्ष का छात्र था। वह विवि के लाल बहादुर हॉस्टल के रूम नंबर सात में क्लासमेट लखनऊ निवासी विक्रांत के साथ रहता था। बुधवार रात नयन अपने कमरे में अकेला था। जबकि, रूम पार्टनर दूसरे छात्र के कमरे पर गया था।
नयन ने रूम नंबर-34 में रहने वाले अपने सहपाठी शिवराम सिंह का मोबाइल फोन कुछ देर के लिए लिया था। बुधवार आधी रात के बाद करीब तीन बजे शिवराम जब उसके रूम पर पहुंचा तो काफी देर तक गेट नहीं खुला। शिवराम ने खिड़की से नयन को फांसी पर लटका देखकर शोर मचाया। इस पर साथी छात्र गेट की कुंडी तोड़कर कमरे में घुसे। छात्र की मौत की सूचना पर पहुंचे कुलपति डॉ. एचएस गौड़, सुरक्षा अधिकारी वीके कटारिया, पीआरओ रितुल सिंह और कार्यवाहक वार्डन एसएस तोमर ने इसकी सूचना पुलिस को दी।
बृहस्पतिवार सुबह सात बजे थाना दौराला के एसएसआई हाकिम सिंह गोप विवि पहुंचे। 8:30 बजे फोरेंसिक एक्सपर्ट बृजेश भारती की टीम के पहुंचने पर जांच-पड़ताल के बाद शव को उतारकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया। हॉस्टल के छात्रों का कहना है कि नयन कुछ दिनों से डिप्रेशन में था। उसे नशे की लत कब और कहां से लगी? इसे लेकर उसके दोस्त कुछ ज्यादा नहीं बोले। हालांकि, बताया कि वह ड्रग्स शहर से लेकर आता था।