परीक्षितगढ़ स्थित सरस्वती स्कूल से लौटते छात्र की लालपुर-नंगलासाहू के जंगल में अगवा करके हत्या कर दी गई। हत्यारों ने पहले छात्र के घर फोन से पचास लाख की फिरौती मांगी, छात्र को खोजते हुए ग्रामीण जंगल में पहुंचे तो छात्र की हत्या करके हत्यारे फरार हो गये। परिजनों ने दूसरे समुदाय के लोगों पर हत्या करने का अंदेशा जताया हैं। गुस्साए ग्रामीणों ने देर रात मोर्चरी के सामने गढ़ रोड पर जाम लगा दिया। पुलिस ने तीन लोगों को पूछताछ के लिए उठाया है।
इंचौली थानाक्षेत्र के नबीपुर गांव निवासी रणवीर सिंह गुर्जर का बेटा शिवा (15) उर्फ भोलू परीक्षितगढ़ में रोजाना साइकिल से पढ़ने जाता था। सोमवार को शाम चार बजे तक शिवा नहीं लौटा तो बहन शिखा ने उसके मोबाइल पर कॉल की। फोन पर शिखा को धमकाते एक व्यक्ति ने शिवा को अगवा बताया और छोड़ने की एवज में 50 लाख फिरौती मांगी। फिरौती की रकम हरियाणा पहुंचाने की बात कही। आसपास के लोगों को इसकी जानकारी लगी तो वह एकत्र होने लगे। इसी दौरान गांव के मनीष और राजवीर ने बताया कि शिवम को साइकिल से आते नंगलासाहू गांव के जंगल में आते देखा था। ग्रामीण ट्रैक्टर ट्राली पर सवार होकर छात्र को खोजने निकल पडे़। लालपुर-नंगलासाहू गांव के जंगल में ग्रामीणों को गोली की आवाज सुनी तो वह दौड़कर वहां पहुंचे। सड़क से करीब तीन किमी. कच्चे रास्ते पर ईख के खेत में शिवा खून से लथपथ पड़ा था। ग्रामीणों ने आनन फानन में उसको आनंद हॉस्पिटल में भी भर्ती कराया, जहां उसकी मौत हो गई।
गाय के विवाद में हुई हत्या
ग्रामीणों ने बताया कि रणवीर सिंह खेत बाड़ी का काम करते हैं। उनके 15 बीघा जमीन है और हत्यारों ने 50 लाख रुपये की फिरौती मांगी। यह मामला फिरौती का नहीं हैं। पुलिस के मुताबिक रणवीर सिंह ने कुछ दिन पहले 15 हजार रुपये में नंगलासाहू गांव के दूसरे समुदाय के एक किसान को गाय बेची थी। चार दिन पूर्व गाय की मौत हो गई। जिस पर नंगलासाहू का किसान रोजाना शिवा को बीमार गाय बेचने की बात कहकर टोकता था। कई बार दोनोें में कहासुनी भी हुई। ग्रामीणों को अंदेशा है कि इसी विवाद में शिवा की हत्या हुई हैं।
ग्रामीणों की आवाज सुनकर मारी गोली
पुलिस के मुताबिक नबीपुर, नंगलासाहू और लालपुर गांव एक दूसरे से सटे हैं। ग्रामीण शिवा को ढूंढ रहे थे। हत्यारों को ग्रामीणों के पहूंचने का आभास हो गया था। आवाज सुनते ही हत्यारों ने शिवा के सीने में सटाकर गोली मार दी। बदमाशों ने तीन बजे से शिवा को बंधक बनाया था और उसको शाम करीब छह बजे गोली मारकर फरार हुए। पुलिस को अंदेशा है कि नबीपुर के ग्रामीण बदमाशों तक पहुंच गए थे। शिवा उनको जानता होगा। शिवा को छोड़ देते तो उनकी पहचान खुल जाती, इस वजह से उसको गोली मार दी।
घटना के बाद सांप्रदायिक तनाव
बच्चे की हत्या के बाद नबीपुर और नंगलासाहू गांव में सांप्रदायिक तनाव की स्थिति बन गई। हत्या करने वाले दूसरे समुदाय के हैं। इसको लेकर नबीपुर के ग्रामीणों में आक्रोश हैं। इसकी जानकारी पर एसएसपी मंजिल सैनी दहल, एसपी देहात राजेश कुमार समेत कई थाने की पुलिस मौके पर पहुंची।