कबाड़ी बाजार स्थित रेड लाइट इलाके में शनिवार सुबह पुलिस ने छापा मारा। इस दौरान पुलिस खाली हाथ लौट आई। पुलिस ने रात करीब नौ बजे फिर छापा मारा। इस बार छह नाबालिग लड़कियां मुक्त कराई गईं। इनमें से दो लड़कियाें के अपहरण की रिपोर्ट भी दर्ज है। कोठो से लगभग आधा दर्जन ग्राहक भी पकडे़ गए हैं। इनसे पूछताछ की जा रही है।
मुंबई की रेस्क्यू संस्था को सूचना मिली थी कि कबाड़ी बाजार स्थित रेड लाइट एरिया में नाबालिग लड़कियों से देह व्यापार कराया जा रहा है। सीओ कोतवाली कुमार रणविजय सिंह और एसओ महिला के नेतृत्व में ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट के साथ सुबह 11 बजे छापा मारा गया। पुलिस ने कई कोठे खंगाले, लेकिन कोई किशोरी नहीं मिली। छापेमारी के दौरान कबाड़ी बाजार से भूमिया माता का जुलूस निकल रहा था। छापा लगते ही बाजार में भगदड़ मच गई। पुलिस ने किसी तरह स्थिति संभाली।
रात करीब नौ बजे पुलिस टीम ने फिरोज के कोठे पर छापा मारा। यहां से छह नाबालिग मुक्त कराईं गईं। पुलिस ने कई अन्य कोठों पर भी दबिश दी, लेकिन वहां कुछ नहीं मिला। पुलिस के अनुसार बरामद लड़कियां दिल्ली, नेपाल और झारखंड की निवासी हैं। इनमें से दो लड़कियों के अपहरण की भी रिपोर्ट लिखी है। पहले उन्हें दिल्ली और फिर मेरठ के कोठे पर बेचा गया। देर रात तक पुलिस मामले की जांच पड़ताल में जुटी थी। सीओ कोतवाली कुमार रण विजय सिंह का कहना था कि मुंबई की रेस्क्यू संस्था की सूचना गलत थी। इस कारण दिन में सफलता नहीं मिली। पुलिस ने गोपनीय तरीके से जांच कराई और उस आधार पर रात को छापा मारा। इस दौरान आधा दर्जन से अधिक ग्राहक भी पकडे़ गए हैं। पुलिस सभी लड़कियों को कोर्ट में पेश करेंगी।