दिल्ली से चोरी हुई वरना गाड़ी मंगलवार को सोतीगंज में एक सिपाही कटवाता मिला। वरना गाड़ी में जीपीएस लगा था। लोकेशन का पता लगते ही एसएसपी मेरठ ने इसकी खुद मॉनीटरिंग की। क्राइम ब्रांच की टीम भेजकर कटी हालत में गाड़ी बरामद कराई। तीन आरोपियों को गिरफ्तार कराकर पूछताछ की। सिपाही का कबाड़ियों से कनेक्शन जानने के लिए देर रात तक पुलिस जांच में लगी रही।
एसएसपी नितिन तिवारी के मुताबिक शाम को सूचना मिली कि दिल्ली से चोरी हुई एक वरना गाड़ी सोतीगंज में पहुंची है। जीपीएस से उसका लोेकेशन मिल रहा है। एसएसपी ने गाड़ी बरामद करने के लिए क्राइम ब्रांच और सर्विलांस टीम को भेजा। जानकारी पर यामीन के बेटे चांद के गोदाम पर पुलिस टीम ने छापा मारा। जहां से चोरी हुई वरना कटी हुई हालत में मिली। पुलिस को देखते ही गोदाम मालिक चांद फरार हो गया। जबकि उसका भाई इम्तियाज, वसीम और इकबाल को गिरफ्तार कर लिया। छापेमारी की जानकारी लगने पर सदर बाजार थाने की पुलिस भी मौके पर पहुंची। पुलिस कटी हुए गाड़ी के पार्ट्स एक गाड़ी में लादकर थाने लाई।
मजिस्ट्रेट की गाड़ी भी कट चुकी
सोतीगंज में कई अधिकारियों की गाड़ी चोरी कर काटी जा चुकी है। दिल्ली के एक मजिस्ट्रेट की गाड़ी भी यहां से बरामद हुई थी। जिसको लेकर मेरठ पुलिस को कोर्ट ने फटकार भी लगाई थी। इसके बावजूद भी कटान बंद नहीं हो रहा। सोतीगंज के कबाड़ी अपनी हरकतों से बाज नहीं आते।
सिपाही कटवा रहा था गाड़ी
बताया गया है कि वरना गाड़ी को गोदाम में काटते समय एक सिपाही वहां पर बैठा था। पुलिस की टीम देखते वह वहां से फरार हो गया। इसकी रिपोर्ट क्राइम ब्रांच टीम ने एसएसपी को दी। जिस पर जांच बैठने की बात भी सामने आई है। सवाल बड़ा है कि आखिर सिपाही की भूमिका क्या है। इसकी जांच पुलिस अधिकारी अलग से करने की बात कह रहे हैं।
खुलेंगे सोतीगंज के कई राज
एसएसपी ने बताया कि कुछ लोगों को पकड़ा है। कटी हालत में गाड़ी बरामद हुई है। जिसका अभी सत्यापन कराया जा रहा है। आरोपियों से पूछताछ चल रही है। इस मामले में सोतीगंज के कई राज खुलेंगे। पुलिस अभी जांच पड़ताल करने में जुटी है। बुधवार को इसका खुलासा किया जाएगा।