मामले की जानकारी करतीं मौके पर पहुंची पुलिस
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लिसाड़ीगेट क्षेत्र में रविवार रात फैक्ट्री मालिक की गोली मारकर हत्या कर दी गई। आरोप है कि 10 हजार रुपये के विवाद में फैक्ट्री मालिक के पार्टनर और भाई ने वारदात को अंजाम दिया। मृतक पक्ष ने अस्पताल में पुलिस से शव छीनने की कोशिश की। पुलिस ने गुस्साए लोगों को किसी तरह समझाबुझाकर शव को मोर्चरी भेजा।
लिसाड़ी गेट थाना क्षेत्र के चमन कालोनी गली-3 निवासी दिलशाद (36) पुत्र मौ. यासीन ने कांच का पुल मेन रोड पर सूबेदार पुत्र खुर्शीद की पार्टनरशिप में प्लास्टिक का दाना बनाने की फैक्ट्री लगा रखी थी। पुलिस के अनुसार रविवार रात करीब 9:30 बजे सूबेदार ने फोन करते हुए दिलशाद से कहा कि वह फैक्ट्री में आ जाए, जहां दोनों को लेनदेन का मामला निपटाना है। करीब 20 मिनट बाद दिलशाद फैक्ट्री पहुंचा। जहां सूबेदार, उसका भाई नौशाद और अन्य दो युवक मौजूद थे।
हिसाब-किताब में हुआ विवाद
बताया गया कि हिसाब-किताब के दौरान दिलशाद ने दस हजार रुपये सूबेदार के हाथ में दिए। जिसको लेकर दोनों में विवाद हो गया। इस दौरान नौशाद के गालीगलौज करने पर दिलशाद ने उसे थप्पड़ मार दिया। आरोप है कि नौशाद ने दिलशाद पर तमंचे से गोली चला दी, जो दिलशाद के गले और सीने के बीच जा लगी।
फिर चाकू से बोला हमला
गोली लगने पर दिलशाद खून से लथपथ होकर जमीन पर गिरा तो आरोप है कि उस पर चाकू से हमला बोलते हुए सीने और कंधे के पास कई वार किए गए। घटना को अंजाम देने के बाद हत्यारोपी भाग निकले।
पुलिस से हुई धक्कामुक्की
सूचना पर एसपी सिटी कई थानों की फोर्स लेकर पहुंचे। पुलिस दिलशाद को पहले ग्रीन हॉस्पिटल, फिर आनंद अस्पताल लेकर पहुंची, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। अस्पताल में मृतक पक्ष के लोगों ने पुलिस से धक्कामुक्की कर जबरन शव छीनने की कोशिश की। युवा सेवा समिति के अध्यक्ष बदर अली ने किसी तरह मामला शांत कराया। मृतक पक्ष के लोगों के हंगामा करने पर पुलिस ने सूबेदार को गिरफ्तार कर लिया।